Highlights
- दिल्ली जाने से पहले राजा वड़िंग बोले, 'लौटने के बाद ही सभी सवालों का जवाब दूंगा।'
- X के बायो में खुद को पूर्व अध्यक्ष बताया, पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व बदलाव की चर्चा तेज।
- सचिन पायलट की एंट्री के बाद संगठन में बदलाव, कई नेताओं के नाम अध्यक्ष पद की दौड़ में।
चंडीगढ़: पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व परिवर्तन की अटकलों के बीच पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष और लुधियाना से सांसद अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग गुरुवार को दिल्ली रवाना हुए। मीडिया से बातचीत में वड़िंग ने कहा कि वह फिलहाल दिल्ली जा रहे हैं और लौटने के बाद ही सभी सवालों का जवाब देंगे। इसी बीच उन्होंने अपने X अकाउंट के बायो में खुद को ‘पूर्व पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष’ लिख दिया। इससे उनके पद छोड़ने की चर्चाओं को और हवा मिली।
‘कल तक चीजें ज्यादा साफ हो जाएंगी’
दिल्ली रवाना होने से पहले वड़िंग ने कहा,
'मैं अभी दिल्ली जा रहा हूं। वहां से आने के बाद निश्चित रूप से आप सभी से बैठकर बात करूंगा। मुझे पता है कि आपके मन में बहुत से सवाल हैं। मुझे लगता है कि कल तक इन मामलों पर मुझे ज्यादा स्पष्टता होगी और मैं आपको सबकुछ ठीक से समझा पाऊंगा। आपके जरिए मैं पंजाब के लोगों तक भी अपना संदेश पहुंचा सकूंगा।'
वड़िंग ने आगे कहा कि पार्टी के भीतर कुछ मामलों पर अपने लोगों के साथ चर्चा और विचार-विमर्श किया जाता है।
इस्तीफे के सवाल पर बोले, 'सही समय पर बताऊंगा'
जब वड़िंग से पूछा गया कि क्या वह पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष के पद से इस्तीफा देने वाले हैं, तो उन्होंने कहा,
'मैं किसी भी चीज पर टिप्पणी नहीं करना चाहता। जब सही समय होगा, तब मैं आपको बता दूंगा।'
इससे पहले भी उन्होंने नेतृत्व परिवर्तन से जुड़ी अटकलों पर कोई स्पष्ट पुष्टि या खंडन नहीं किया था। हालांकि, गुरुवार को सामने आई रिपोर्टों के मुताबिक कांग्रेस हाईकमान ने वड़िंग को पद से हटाने का फैसला किया है और उन्होंने इस्तीफा देने की पेशकश की है। कांग्रेस के नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम पर अभी चर्चा चल रही है।
विजय इंदर सिंगला समेत कई नाम चर्चा में
पंजाब कांग्रेस के नए अध्यक्ष को लेकर विजय इंदर सिंगला, परगट सिंह, सुखजिंदर सिंह रंधावा और सुखबिंदर सिंह सरकारिया समेत कई नाम चर्चा में हैं। पार्टी सूत्रों के हवाले से प्रकाशित रिपोर्टों में सिंगला का नाम प्रमुख दावेदारों में बताया गया है। हालांकि, अंतिम फैसला कांग्रेस नेतृत्व को करना है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में हो रहा है जब पंजाब कांग्रेस में कई हफ्तों से अंदरूनी मतभेद की खबरें सामने आती रही हैं। पार्टी 2027 के पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले संगठन को लेकर लगातार मंथन कर रही है। हाल ही में कांग्रेस ने सचिन पायलट को पंजाब का प्रभारी महासचिव बनाया है और उन्होंने प्रदेश के नेताओं के साथ संगठन को लेकर बातचीत की है।
विजय इंदर सिंगला बोले, 'मैं पार्टी का वफादार सिपाही'
पूर्व PWD मंत्री और सांसद विजय इंदर सिंगला ने भी इस पूरे घटनाक्रम के बीच अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने खुद को पार्टी का 'वफादार सिपाही' बताया और कहा कि पार्टी कार्यकर्ता के तौर पर उन्हें जब भी कोई जिम्मेदारी मिली, उन्होंने उसे पूरा किया है। सिंगला ने कहा,
'मैं पार्टी का वफादार सिपाही हूं। पार्टी के कार्यकर्ता के तौर पर मुझे जब भी जो जिम्मेदारी दी गई, मैंने हमेशा अपना कर्तव्य निभाया है। आने वाले समय में भी हम सभी के साथ मिलकर इसी तरह काम करेंगे।'
सिंगला कांग्रेस की इलेक्शन मैनेजमेंट एंड कोऑर्डिनेशन कमेटी के चेयरपर्सन भी हैं।
चन्नी को खरगे ने मिलने का समय दिया, लेकिन नहीं पहुंचे
इसी बीच कांग्रेस सांसद और पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने गुरुवार को मुलाकात का समय दिया था। हालांकि, चन्नी बैठक के लिए नहीं पहुंचे। दूसरी ओर कांग्रेस सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा ने खरगे से मुलाकात की। दोनों के बीच पंजाब में होने वाले विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर चर्चा हुई। पंजाब कांग्रेस में चल रही गतिविधियों को 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है। पार्टी के भीतर अलग-अलग नेताओं और गुटों के बीच लंबे समय से मतभेद की खबरें रही हैं और हाईकमान संगठन में बदलाव पर विचार कर रहा है। (ANI से इनपुट्स के साथ)
ये भी पढ़ें: अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग का ऐलान, सीएम भगवंत मान के खिलाफ लड़ेंगे चुनाव