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सोशल मीडिया पर एडल्ट कंटेंट वाले ऐप्स को लेकर सरकार की चेतावनी, फाइनेंशियल फ्रॉड का बड़ा खतरा

 Written By: Harshit Harsh
 Published : Sep 01, 2026 11:16 am IST,  Updated : Sep 01, 2026 11:18 am IST

सरकार ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एडल्ट कंटेंट वाले ऐड को लेकर चेतावनी जारी की है। साथ ही, लोगों को इन ऐप्स को तुरंत फोन से डिलीट करने और फैक्ट्री रिसेट करने के लिए कहा है।

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सोशल मीडिया ऐप्स Image Source : UNSPLASH

Highlights

  • सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एडल्ट कंटेंट वाले ऐप्स को लेकर सरकार ने चेतावनी जारी की है।
  • Android यूजर्स को इन ऐप्स को डाउनलोड नहीं करने के लिए कहा है।
  • साथ ही, डिवाइस की परमिशन चेक करने और फैक्ट्री रिसेट करने की सलाह दी है।

गृह मंत्रालय (MHA) ने नई एडवाइजरी जारी की है, जिसमें बड़े फाइनेंशिय फ्रॉड के खतरे को लेकर लोगों को आगाह किया गया है। यह एडवाइजरी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर दिखाए जाने वाले एडल्ट कंटेंट वाले ऐप्स के ऐड को लेकर है। नेशनल साइबर क्राइम थ्रेट एनलाइटिक यूनिट (NCTAU) के मुताबिक, इन ऐप्स को जानबूझकर Meta के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स फेसबुक, इंस्टाग्राम, थ्रेड्स जैसे ऐप्स पर प्रमोट किए जा रहे हैं, ताकि लोग इन्हें अपने फोन में डाउनलोड कर सके। इन एंड्रॉइड ऐप्स को फोन में एक बार डाउनलोड करने का मतलब है कि आपने हैकर्स को अपने डिवाइस की परमिशन दे दी है। इसके बाद वो डिवाइस में सेंध लगाकर वित्तीय फ्रॉड को अंजाम दे सकते हैं।

ये Android ऐप्स हैं खतरनाक

सरकार ने अपनी एडवाइजरी (REF.) में इन खतरनाक एंड्रॉइड ऐप्स का नाम भी बताया है, जिनमें Night Play, Reloop, Kyss, Vimo, Rivo, Nexo और Vixa शामिल हैं। ऐसे ही कई और एडल्ट कंटेंट वाले ऐप्स हैं, जिन्हें मेटा के प्लेटफॉर्म पर धड़ल्ले से प्रमोट किया जा रहा है। इन ऐप्स में मालवेयर यानी वायरस हो सकता है।

सरकार की एडवाइजरी के मुताबिक, जो यूजर इन ऐड्स पर क्लिक करते हैं वो एक वेबसाइट पर रिडायरेक्ट कर दिए जाते हैं। इन वेबसाइट्स पर एडल्ट कंटेंट होते हैं और उन्हें APK फाइल डाउनलोड करने के लिए कहा जाता है। इन APK फाइल्स के जरिए हैकर्स आपके एंड्रॉइड स्मार्टफोन में ऐसे सॉफ्टवेयर पैकेज इंस्टॉल करवाते हैं, जो लगातार आपकी निगरानी करता है। इसके अलावा ये ऐप्स डिवाइस में VPN रूट्स भी इंस्टॉल कर देते हैं, जिनके जरिए हैकर्स इंटरनेट ट्रैफिक को भी कंट्रोल करते हैं।

कर लें हार्ड रिसेट

गृह मंत्रालय के मुताबिक, इन ऐप्स का सबसे बड़ा रिस्क यह है कि ये यूजर्स से डिवाइस की कुछ परमिशन एक्सेस करते हैं। परमिशन मिलने पर हैकर्स डिवाइस में सेंध लगा सकते हैं और वित्तीय फ्रॉड को अंजाम दे सकते हैं। सरकार ने लोगों को आगाह किया है कि वो अपने डिवाइस की परमिशन को चेक करें और किसी भी संदिग्ध ऐप को दिए गए परमिशन को हटाएं। इसके बाद डेटा का बैकअप लें और फोन को फैक्ट्री रिसेट कर लें।

रिपोर्ट के मुताबिक, सरकार की एडवाइजरी के बाद Meta ने दर्जनों ऐसे ऐड्स को अपने प्लेटफॉर्म से हटा लिए हैं। हालांकि, अभी भी दर्जनों ऐसे ऐड्स सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रसारित किए जा रहे हैं। पिछले दिनों भारत सरकार ने मेटा पर सख्ती दिखाते हुए बच्चों की सुरक्षा को लेकर लापरवाही बरतने पर कार्रवाई करने की चेतावनी दी है। कंपनी के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म खास तौर पर इंस्टाग्राम और फेसबुक पर चाइल्ड अब्यूज को लेकर सरकार ने सख्ती दिखाई है। साथ ही, CSAM मामले में मेटा को साफ संदेश दिया है। इसके बाद मेटा भी हरकत में आया और प्लेटफॉर्म पर गैरकानूनी कंटेंट को फिल्टर करने और हटाने में सावधानी बरत रहा है।

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