मुरादाबाद: यूपी के मुरादाबाद के थाना ठाकुरद्वारा क्षेत्र में आदमखोर तेंदुए का आतंक जारी है। उसने रात में गांव बहापुर बलिया में एक व्यक्ति को चौथा शिकार बनाया है। वह रात में घर में सो रहे जगराम नाम के व्यक्ति को उठा ले गया था। घर से पचास मीटर दूर गन्ने के खेत में जगराम का शव मिला है।
तेंदुए ने तीन दिन पहले इसी गांव की मिथलेश देवी को खेत में काम करते हुए हमला कर मार डाला था। गांव के लोगों में दहशत के साथ गुस्सा भी देखा जा रहा है। इससे पहले तेंदुआ तीन महिलाओं को अपना शिकार बना चुका है।
क्या है पूरा मामला?
मुरादाबाद की तहसील ठाकुरद्वारा के गांवों में आदमखोर तेंदुए ने आतंक मचा रखा है। तेंदुआ अब तक तीन महिलाओं व एक पुरुष सहित चार लोगों को अपना शिकार बना चुका है, जिसके बाद करीब आधा दर्जन गांवों में दहशत का माहौल है।
ताजा घटना बहापुर बलिया गांव की है। ई रिक्शा चालक जगराम (38) अपने बच्चों के साथ गांव में ही रहता था। जगराम की पत्नी की मृत्यु हो चुकी थी। बीती रात जगराम अपने घर में सोया हुआ था। रात में किसी समय तेंदुआ घर में घुस आया और आंगन में चारपाई पर सो रहे जगराम को उठा ले गया।
सुबह जब परिवार के लोगों ने जगराम को सोता नहीं पाया तब ढूंढना शुरू किया। कुछ पता ना लगने पर गांव के लोग आसपास ढूंढने निकले और पास के गन्ने के खेत में देखना शुरू किया तो खेत में शव पड़ा मिला। तेंदुए ने गर्दन को शरीर से अलग कर दिया था और कंधे और पसलियों के पास से खा रखा था। नजारा देख परिवार व गांव वाले और ज्यादा दहशत में आ गए।
मालूम हो अभी तीन दिन पहले इसी बलिया गांव की मिथलेश देवी अपने परिवार व अन्य लोगों के साथ खेत निराई करने गईं थीं। तभी मौका देखकर तेंदुआ हमला बोलकर उन्हें उठाकर ले गया था। लोगों के शोर मचाने और लाठी डंडे लेकर पीछे भागने पर तेंदुआ उन्हें पास के खेत में छोड़कर भाग गया था लेकिन तब तक महिला को मौत हो चुकी थी। इस घटना के बाद गांव के लोगों में आक्रोश फैल गया था, जिसे पुलिस ने समझाकर शांत करा दिया था। गांव वालों की मांग पर वन विभाग ने दो पिंजरे गांव के नजदीक खेतों में लगा दिये थे, जबकि दो पिंजरे पहले से ही लगाए हुए थे। माहौल को देखते हुए गांव में पुलिस की तैनाती और गश्त बढ़ा दी गई है।
इससे पहले तेंदुआ इसी बलिया गांव की महिला ब्रह्ममो देवी को और पास के गांव लालापुर की संतोष देवी को हमला कर मार चुका है। आदमखोर हो चुका तेंदुआ एक माह में चार लोगों को मौत के घाट उतार चुका है जबकि अलग अलग गांवों में हमलों में एक दर्जन लोग घायल हो चुके हैं। वन विभाग और पुलिस प्रशासन ने गांव के लोगों से सतर्कता बरतते हुए अकेले खेत में ना जाने और दिन में घर में रहने के साथ साथ खेत में जाने के लिए समूह में जाने को बोला है। वन विभाग ने पिंजरे लगाकर अब तक सात तेंदुए पकड़ लिए हैं और आधा दर्जन गांवों में एक दर्जन से ज्यादा पिंजरे अभी भी लगे हुए हैं। पुलिस गांव में जगह जगह तैनात है और रात में टार्च की रोशनी के साथ गाड़ियों से गश्त की जा रही है।
एसपी ने ग्रामीणों को समझाया
आज की घटना के बाद बलिया गांव पहुंचे एसपी देहात कुंवर आकाश सिंह ने नाराज गांव वालों को समझाते हुए उन्हें आश्वस्त करने की कोशिश करते हुए कहा कि हम और वन विभाग की पूरी कोशिश है लेकिन वो जानवर हैं। वैसे अब शूट एंड साइट के आदेश डीएम साहब की तरफ से लगभग हो चुके हैं। शाम तक आर्डर आ जाएंगे।
इससे पहले आंगन में खेल रही बच्ची पर एक तेंदुआ झपटा था। जख्मी होने से उसकी मौत हो गई थी। (रिपोर्ट- राजीव शर्मा)
ये भी पढ़ें-
यूपी: 7 साल की बच्ची को जबड़े में दबाकर भाग रहे तेंदुआ से भिड़ गई मां, बहादुरी दिखाते हुए बचाई जान