1. Hindi News
  2. वायरल न्‍यूज
  3. ड्राइवर और मेड को नहीं मिलती थी कोई पेंशन, ये सुनते ही दोनों के लिए किया 25-25 हजार का इन्वेस्टमेंट; नेकी की हुई तारीफ

ड्राइवर और मेड को नहीं मिलती थी कोई पेंशन, ये सुनते ही दोनों के लिए किया 25-25 हजार का इन्वेस्टमेंट; नेकी की हुई तारीफ

 Written By: Shaswat Gupta
 Published : Sep 25, 2026 10:13 am IST,  Updated : Sep 25, 2026 10:42 am IST

सोशल मीडिया पर एक एक्स पोस्ट काफी वायरल हो रही है। इसमें शख्स ने दावा किया है कि, उसने ड्राइवर और मेड के लिए 25—25 हजार रुपये की इन्वेंस्टमेंट किया है।

शख्स ने पेश की नजीर। - India TV Hindi
शख्स ने पेश की नजीर। Image Source : PEXELS

एक व्यक्ति की संवेदनशील पहल ने सोशल मीडिया पर लोगों के दिल जीत लिए हैं। नरेश नाम के व्यक्ति ने महसूस किया कि उनके ड्राइवर और कुक/मेड/हाउसकीपर (घरेलू सहायिका) के पास कोई पेंशन या प्रोविडेंट फंड नहीं है। इसके बाद उन्होंने दोनों के नाम पर किसान विकास पत्र (KVP) योजना में 25,000 रुपये प्रत्येक का निवेश किया। उन्होंने कहा कि यह राशि करीब 10 साल में दोगुनी हो जाएगी और वे हर साल यही राशि जमा करने का सोच रहे हैं। 

एक्स पर शेयर की पोस्ट

इस पोस्ट को एक्स पर @TopDriverIndia नामक हैंडल से शेयर किया गया है। नरेश ने लिखा, “मुझे एहसास हुआ कि मेरे दो कर्मचारी—मेरे ड्राइवर और मेरे कुक/मेड/हाउसकीपर—के पास कोई पेंशन या प्रोविडेंट फंड नहीं है। इसलिए मैंने छोटी सी शुरुआत करते हुए दोनों के लिए 25,000 रुपये का किसान विकास पत्र खुलवाया, जो 10 साल में दोगुना हो जाएगा। मैं सोच रहा हूं कि हर साल इतनी ही राशि का योगदान करूंगा।” उन्होंने अन्य रिक्रूटर्स से भी अपील की कि वफादार कर्मचारियों के लिए छोटी राशि का भी निवेश सोचें। यहां तक कि 10,000 रुपये भी शुरुआत हो सकती है, जिससे बुढ़ापे में कुछ आर्थिक सहारा मिलेगा।  

twitter:twitter.com/TopDriverIndia/status/2102678534464680178?s=20}

सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाएं

नरेश की पोस्ट सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है, और कई यूजर्स कर्मचारियों के नियमित वेतन से परे सोचने और उनकी दीर्घकालिक वित्तीय सुरक्षा पर विचार करने के लिए उनकी प्रशंसा कर रहे हैं।  इस पर एक यूजर ने लिखा कि, 'सोने के दिल वाला इंसान।'

दूसरे यूजर ने लिखा कि, 'वाह! यह तो बहुत ही नेक और दयालु भाव है आपकी ओर से!' 

तीसरे यूजर ने लिखा कि 'अच्छे दिल वाले कर्मचारियों के लिए अच्छी सेवा। लेकिन उन्हें बुढ़ापे तक या शारीरिक रूप से काम करने की क्षमता होने तक आपके साथ रहना चाहिए।'
चौथे यूजर ने लिखा कि 'अच्छी पहल है। लेकिन ईमानदार और वफादार मदद मिलना मुश्किल है।'

कौन हैं नरेश

 नरेश सड़क सुरक्षा और डिफेंसिव ड्राइविंग के समर्थक के रूप में भी जाने जाते हैं। उनकी इस पहल ने घरेलू कर्मचारियों के प्रति नियोक्ताओं की जिम्मेदारी पर चर्चा छेड़ दी है। विशेषज्ञों के अनुसार, असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के लिए सरकार की कई योजनाएं हैं, जैसे अटल पेंशन योजना, लेकिन जागरूकता और नियमित योगदान की कमी रहती है। कई नियोक्ता स्वास्थ्य बीमा, बचत खाते या छोटी एसआईपी शुरू करके मदद करते हैं। नरेश का केवीपी चुनना सुरक्षित और गारंटीड रिटर्न वाला विकल्प है।
गौरतलब है कि, इससे पहले मेड की सैलरी बताने वाले शख्स का वीडियो भी काफी वायरल हुआ था। 

डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया और रिपोर्ट्स में किए गए दावों पर आधारित है। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रमाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।
 
ये भी पढ़ें -

Video : महिला ने मेड को एयर कूलर का दिया गिफ्ट, देखते ही खुशी से उछल पड़ी; रिएक्शन हुआ वायरल

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। वायरल न्‍यूज से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।