Trending GK Quiz : भारत की स्वतंत्रता के बाद कई दिग्गज नेताओं अलग-अलग समय में देश की सत्ता संभाली। ऐतिहासिक कार्यों के दम पर कई नेताओं का नाम आज भी स्मरण किया जाता है। मगर, क्या आपको पता है कि बतौर प्रधानमंत्री भारत में सबसे छोटा कार्यकाल किस नेता का रहा ? यदि आप नहीं जानते हैं तो आज हम आपको इसके बारे में ही बताने वाले हैं। ये सवाल प्राय: प्रतियोगी परीक्षाओं में पूछा जाता है हालांकि, कन्फ्यूजन के चलते कई लोग इसका गलत जवाब भी बता जाते हैं। लेकिन आज हम आपको सामान्य ज्ञान से जुड़े इस सवाल का जवाब दे देंगे।
भारत में सबसे कम समय कौन प्रधानमंत्री रहा
बता दें कि, भारत में सबसे कम समय तक सत्ता संभालने वाले दो प्रधानमंत्री रहे हैं। गुलजारी लाल नंदा ने दो बार कार्यवाहक प्रधानमंत्री के रूप में कुल 26 दिन (13+13 दिन) पद पर रहकर यह रिकॉर्ड बनाया। वहीं, अटल बिहारी वाजपेयी ने बतौर पूर्णकालिक प्रधानमंत्री 16 मई, 1996 से 1 जून, 1996 तक यानी 13 दिन सेवाएं दीं।
भारत के अब तक के प्रधानमंत्री
- जवाहरलाल नेहरू (1947–1964)
- गुलजारीलाल नंदा (1964/कार्यवाहक)
- लाल बहादुर शास्त्री (1964–1966)
- गुलजारीलाल नंदा (1964/कार्यवाहक)
- इंदिरा गांधी (1966–1977)
- मोरारजी देसाई (1977—1979)
- चौधरी चरण सिंह (1979–1980)
- इंदिरा गांधी (1980–1984/दूसरा कार्यकाल)
- राजीव गांधी (1984–1989)
- विश्वनाथ प्रताप सिंह (1989–1990)
- चंद्र शेखर (1990—1991)
- पी. वी. नरसिम्हा राव (1991– 1996)
- अटल बिहारी वाजपेयी (1996)
- एच. डी. देवेगौड़ा (1996–1997)
- इंदर कुमार गुजराल (1997–1998)
- अटल बिहारी वाजपेयी (1998– 2004/दूसरा कार्यकाल)
- मनमोहन सिंह (2004–2014)
- नरेन्द्र मोदी (2014–2019)
- नरेन्द्र मोदी (2019–2024/दूसरा कार्यकाल)
- नरेन्द्र मोदी (2024–अब तक/तीसरा कार्यकाल)
कौन थे गुलजारी लाल नंदा
गुलजारीलाल नंदा का जन्म 4 जुलाई, 1898 को पंजाब (अब पाकिस्तान) के शाहपुर जिले में हुआ था। वे एक प्रमुख अर्थशास्त्री, स्वतंत्रता सेनानी और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के वरिष्ठ नेता थे। उन्होंने जवाहरलाल नेहरू की सरकार में योजना आयोग के उपाध्यक्ष और कई मंत्रालय संभाले थे। जवाहरलाल नेहरू के अचानक निधन के बाद इन्होंने 27 मई, 1964 से 9 जून, 1964 तक देश की सत्ता संभाली थी। इस दौरान देश में स्थिरता बनाए रखना और नई सरकार के गठन तक सुचारू संक्रमण सुनिश्चित करना उनका मुख्य दायित्व था। बाद में लालबहादुर शास्त्री को बाद में स्थायी प्रधानमंत्री चुना गया। गुलजारी लाल नंदा का बतौर कार्यवाहक पीएम दूसरा कार्यकाल 11 जनवरी, 1966 से 24 जनवरी, 1966 यानी 13 दिन तक चला। 1998 में 99 वर्ष की आयु में गुलजारी लाल नंदा का निधन हो गया।
अटल बिहारी वाजपेयी का कार्यकाल
बता दें कि, भारत के पूर्णकालिक प्रधानमंत्री के तौर पर अटल बिहारी वाजपेयी का पहला कार्यकाल 16 मई, 1996 से 1 जून, 1996 यानी 13 दिन का था। लोकसभा में विश्वास मत हारने के बाद उन्होंने इस्तीफा दे दिया। हालांकि, इनका दूसरा कार्यकाल 19 मार्च, 1998 से 22 मई, 2004 तक चला था। गौरतलब है कि, ये छोटे कार्यकाल मुख्य रूप से प्रधानमंत्री के निधन या राजनीतिक अस्थिरता के कारण आए। अल्पकाल के बावजूद संकट के समय में अटल बिहारी वाजपेयी का अनुभवी नेतृत्व हमेशा महत्वपूर्ण साबित हुआ। उनकी सादगी और ईमानदारी के लिए वे याद किए जाते हैं।
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