मॉस्को: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज रूस को भरोसा दिलाया कि वह रक्षा क्षेत्र में भारत का प्रमुख साझीदार बना रहेगा। उन्होंने कहा कि दोनों सामरिक साझेदार मेक इन इंडिया पहल के तहत भारत में अत्याधुनिक रक्षा उपकरणों का निर्माण संयुक्त रूप से करने के लिए मिलकर काम कर रहे हैं। मोदी ने रूसी समाचार एजेंसी इतर-तास को बताया, रूस दशकों से भारत का अग्रणी रक्षा साझेदार रहा है और हमें ज्यादातर रक्षा उपकरण मुहैया कराता रहा है....मौजूदा माहौल में भी, विश्व बाजार में भारत की पहले से बेहतर पहुंच के बावजूद, रूस हमारा प्रमुख साझेदार है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि रूस ने ऐसे समय में भारत को रक्षा उपकरण और अंतरराष्ट्रीय समर्थन दिया जब बहुत कम देश भारत का हाथ थामना चाहते थे। उन्होंने कहा, भारतीय रूस के उन समर्थनों को कभी नहीं भूलेंगे जो हमें उस वक्त दिए गए जब हमें उनकी सबसे ज्यादा जरूरत थी। आज से शुरू हुई मोदी की दो दिवसीय रूस यात्रा के दौरान रक्षा एवं परमाणु उर्जा सहित कई क्षेत्रों में दोनों देश कई समझौतों पर दस्तखत कर सकते हैं। प्रधानमंत्री मोदी रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन के साथ वार्षिक शिखर वार्ता के लिए यहां आए हैं।
मोदी ने जोर देकर कहा कि भारत-रूस रक्षा संबंध एक क्रेता-विक्रेता के रिश्ते से कहीं आगे बढ़कर ऐसा हो गया है जिसमें ब्रह्मोस मिसाइल, सुखोई-30 एमकेआई विमान और टी-90 टैंकों जैसी अत्याधुनिक प्रणालियों के संयुक्त शोध, विकास एवं उत्पादन के पहलू शामिल हैं। प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि रूस में रक्षा क्षेत्र में मेक इन इंडिया मिशन में अग्रणी साझेदार बनने की पूरी संभावनाएं हैं। मोदी ने कहा, हम जल्द ही उस दिशा में शुरूआत करने जा रहे हैं।
ये भी पढ़ें: पीएम मोदी और व्लादिमीर पुतिन में क्या हैं समानताएं, जानिए