वाशिंगटन: अमेरिका ने थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में एक हिंदू मंदिर के बाहर हुए बम विस्फोट की निंदा करते हुए इसे हिंसा की दु:खद करतूत करार दिया है। इस हमले में 27 लोग मारे गए थे। राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के प्रवक्ता नेड प्राइस ने कहा, अमेरिका हिंसा की इस निंदनीय करतूत की आलोचना करता है। हमारी संवेदनाएं पीडि़तों, उनके परिजन एवं प्रियजन और इस घटना के बाद कार्रवाई कर रहे आपातकालीन कर्मियों के साथ हैं। प्राइस ने कहा, इस हमले की जांच कर रहे थाईलैंड के अधिकारियों से हम निकट संपर्क बनाए रखेंगे।
विदेश मंत्री जॉन केरी ने इस विस्फोट से प्रभावित हुए सभी लोगों के प्रति गहरी सहानुभूति प्रकट की है। इस बीच संयुक्त राष्ट्र महासचिव बान की मून ने उम्मीद जताई कि हमला करने वाले लोगों को कानून के कठघरे में खड़ा किया जाएगा। संयुक्त राष्ट्र ने एक बयान में कहा, महासचिव इरावन मंदिर के निकट बैंकॉक में विस्फोट और इस हमले में निर्दोष नागरिकों के मारे जाने की बात जानकर सकते में हैं। बयान में कहा गया है, वह शोकाकुल परिवारों और थाईलैंड के लोगों एवं सरकार के प्रति संवेदना प्रकट करते हंै और घायल हुए लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं।
अमेरिकी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता जॉन किर्बी ने कहा, अमेरिका स्थिति पर निकटता से नजर रखे हुए हैं और वह यह पता लगाने के लिए स्थानीय अधिकारियों के निकट संपर्क में है कि इस विस्फोट में कोई अमेरिकी नागरिक तो प्रभावित नहीं हुआ। अमेरिका में स्थित हिंदू अमेरिकन फाउंडेशन ने कहा कि यह हमला थाईलैंड के विविधतापूर्ण समाज की बहुलवादी प्रकृति का अपमान है। हिंदू अमेरिकन फाउंडेशन के बोर्ड सदस्य मिहिर मेघानी ने कहा, हम थाईलैंड की पुलिस से संपूर्ण और शीघ्रतापूर्वक जांच करने की अपील करते हैं ताकि जघन्य हमला करने वाले लोगों का पता लगाया जा सके।