बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी रविवार को मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार शिवहर पहुंचे। उनके आगमन को लेकर जिले में उत्साह का माहौल बना हुआ था। मुख्यमंत्री ने अपने दौरे के दौरान शिवहर जिले को लगभग 200 करोड़ रुपये की लागत वाली विकास परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया। इनमें सबसे महत्वपूर्ण बेलवा-मीनापुर लिंक चैनल का लोकार्पण रहा, जिसे बिहार की पहली 'नदी जोड़ो परियोजना' के रूप में देखा जा रहा है।
पिपराही प्रखंड के बेलवाघाट में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री ने 130 करोड़ 88 लाख 57 हजार रुपये की लागत से निर्मित बेलवा-मीनापुर लिंक चैनल का फीता काटकर उद्घाटन किया। यह महत्वाकांक्षी परियोजना शिवहर समेत आसपास के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए बड़ी राहत मानी जा रही है। इससे हर वर्ष आने वाली बाढ़ की समस्या में कमी आने के साथ किसानों को बेहतर सिंचाई सुविधा उपलब्ध होगी, जिससे कृषि उत्पादन में भी वृद्धि की उम्मीद है।
बाढ़ रोकने के लिए काम कर रही सरकार
मुख्यमंत्री ने कहा कि बेलवा-मीनापुर लिंक चैनल केवल एक निर्माण परियोजना नहीं, बल्कि शिवहर के विकास, समृद्धि और किसानों के उज्ज्वल भविष्य की नई आधारशिला है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार बाढ़ नियंत्रण, सिंचाई और ग्रामीण आधारभूत संरचना को मजबूत करने के लिए लगातार कार्य कर रही है। जिला प्रशासन के अनुसार यह लिंक चैनल क्षेत्र की जल निकासी व्यवस्था को सुदृढ़ करेगा तथा बाढ़ नियंत्रण के साथ कृषि विकास को नई दिशा देगा है। इसे जिले की सबसे महत्वपूर्ण विकास परियोजनाओं में शामिल किया गया है।
सीएम की सुरक्षा के पूरे इंतजाम
मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा। कार्यक्रम स्थल सहित पूरे जिले में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। पुलिस बल, दंडाधिकारी एवं प्रशासनिक अधिकारियों की तैनाती की गई थी। भीड़ प्रबंधन, यातायात व्यवस्था और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष तैयारी की गई थी। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा, केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह, समाज कल्याण मंत्री डॉ. श्वेता गुप्ता, शिवहर सांसद लवली आनंद, सीतामढ़ी सांसद देवेश चंद्र ठाकुर, पूर्व सांसद रमा देवी, बेलसंड विधायक अमित कुमार, एमएलसी रेखा कुमारी, पूर्व विधायक ठाकुर रत्नाकर राणा सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं स्थानीय लोग मौजूद रहे।
जीविका दीदियों को मिला सम्मान
कार्यक्रम में जीविका समूह की महिलाओं की उद्यमशीलता भी दिखी। मंच के समीप जीविका की ओर से कुल चार स्टॉल सजाए गए थे। चूड़ी-लहठी का स्टॉल आमना खातून, बर्तन का स्टॉल अलका देवी, ट्रॉली का स्टॉल रेणु देवी और हंडी क्राफ्ट का स्टॉल सुफिया खातून के हुनर की गवाही दे रहे थे। इसी क्रम में मुख्यमंत्री ने 4,550 जीविका समूहों को 25 करोड़ 35 लाख रुपये की विशाल राशि का चेक सौंपकर महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक और मजबूत कदम बढ़ाया है।
(शिवहर से समीर कुमार झा की रिपोर्ट)
यह भी पढ़ें-
मधुबनी पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 135 किलो गांजा और दिल्ली नंबर की कार जब्त, चालक मौके से फरार
बिहार में शुरू हुई हेली-पर्यटन सेवा, 2100 रुपये में पटना की सैर, सीएम सम्राट ने किया शुभारंभ