मुंबई: बॉलीवुड के 'खलनायक'.. 'बाबा'.. 'संजू बाबा' और ना जाने कितने नामों से पहचाने जाने वाले एक्टर संजय दत्त की जिंदगी किसी रोलर-कोस्टर वाले झूले से कम नहीं गुज़री। मां नरगिस और पिता सुनील दत्त के लाडले 'संजू' की लाइफ भी किसी फिल्मी कहानी जैसी है। 29 जुलाई को वह अपना 61वां जन्मदिन मना रहे हैं। इस खास मौके पर हम आपको उनकी ऐसी फोटोज दिखाने जा रहे हैं, जिन्हें देखकर आपका दिल खुश भी हो जाएगा और गम़गीन भी।
संजय दत्त ने एक बार बताया था कि उनकी जिंदगी में परिवार की बहुत अहमियत है। वह अपने पिता सुनील दत्त को अपनी ताकत का स्तंभ मानते थे। जब उनकी बायोपिक 'संजू' रिलीज हुई, तब सभी को अहसास हुआ कि उनकी मां नरगिस संजय के लिए क्या थीं।
अपनी मां नरगिस के देहांत के बाद संजय दत्त तीन सालों तक नहीं रोए थे, लेकिन संजय के घाव अभी भी भरे नहीं थे। साल 1981 में कैंसर के कारण उनकी मां का निधन हो गया था, उसी वक्त संजय की पहली फिल्म 'रॉकी' रिलीज होने वाली थी।
जैसा कि सभी ने 'संजू' फिल्म में भी देखा है कि जब उन्हें अपनी मां की रिकॉर्ड की गई टेप सुनाई जाती है, तब वह फूट पड़ते हैं। किताब में लिखा है कि अपनी मां के शब्दों को सुनकर संजय दत्त खूब रोए.. वह लगातार चार दिनों तक रोते रहे।
साल 2005 में जब सुनील दत्त की दिल का दौरा पड़ने से मौत हुई तो संजय को फिर से दर्द का अहसास हुआ। उन्होंने पिछले साल अपने पिता की बर्थ एनिवर्सिरी पर कहा था, 'मेरी ताकत का स्तंभ... हैप्पी बर्थडे डैड। भले ही आप यहां नहीं हैं, लेकिन मैं हर जगह आपकी मौजूदगी महसूस करता हूं। मैं आपको बहुत मिस करता हूं।'
अगर ये कहें कि संजय दत्त अपने माता-पिता की आंखों का तारा थे, तो कहना गलत नहीं होगा। संजय दत्त अपने इंस्टाग्राम पर माता-पिता की पुरानी तस्वीरें शेयर करते रहते हैं, जिन्हें देखकर आपका दिल भी पसीज जाएगा।
संजय दत्त ने भले ही जिंदगी के हर पहलू को देख लिया, लेकिन अब वह अपने परिवार के साथ खुशी-खुशी रहते हैं।
वहीं, संजय दत्त के फैंस को उनके जन्मदिन पर खास तोहफा मिलने वाला है। आज उनकी फिल्म केजीएफ चैप्टर 2 में उनके रोल अधीरा से पर्दा हटाया जाएगा।