Published : Jan 13, 2026 06:59 pm IST, Updated : Jan 13, 2026 07:00 pm IST
1/6Image Source : PEXELS
म्यूचुअल फंड में सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP) के जरिए निवेश वर्ष 2025 में रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। निवेशकों की अनुशासित और दीर्घकालिक संपत्ति निर्माण की बढ़ती रुचि के चलते साल 2025 में SIP के माध्यम से कुल ₹3.34 लाख करोड़ का निवेश हुआ, जो अब तक का सर्वाधिक स्तर है।
2/6Image Source : PIXABAY
एसोसिएशन ऑफ म्यूचुअल फंड्स इन इंडिया (AMFI) के आंकड़ों के अनुसार, इससे पहले वर्ष 2024 में SIP के जरिए ₹2.68 लाख करोड़ और 2023 में ₹1.84 लाख करोड़ का निवेश दर्ज किया गया था। सितंबर, अक्टूबर और नवंबर में SIP योगदान लगातार ₹29,000 करोड़ से ऊपर बना रहा, जबकि दिसंबर में यह अब तक के सर्वोच्च स्तर ₹31,000 करोड़ पर पहुंच गया।
3/6Image Source : INDIA TV
उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि SIP निवेशकों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहा है, क्योंकि यह रुपया लागत औसतकरण में मदद करता है और बाजार की अस्थिरता या सही समय चुनने की चिंता के बिना अनुशासित निवेश को बढ़ावा देता है।
4/6Image Source : PIXABAY
आनंद राठी वेल्थ के जॉइंट सीईओ फिरोज अजीज ने कहा कि आंकड़े दर्शाते हैं कि निवेशकों ने बाजार में आई गिरावट को निवेश के अवसर के रूप में इस्तेमाल किया है। कैलेंडर वर्ष 2025 में ₹3.34 लाख करोड़ का SIP योगदान दीर्घकालिक सोच और भरोसे को दर्शाता है, न कि अल्पकालिक सट्टेबाजी को।
5/6Image Source : FREEPIK
इन मजबूत निवेश प्रवाहों के चलते म्यूचुअल फंड उद्योग की एसेट अंडर मैनेजमेंट (AUM) 2024 के अंत में ₹67 लाख करोड़ से बढ़कर दिसंबर 2025 के अंत तक 21 फीसदी की वृद्धि के साथ ₹80.23 लाख करोड़ हो गई।
6/6Image Source : PTI
SIP म्यूचुअल फंड द्वारा पेश किया गया एक निवेश माध्यम है, जिसमें निवेशक एकमुश्त राशि लगाने के बजाय तय अंतराल जैसे हर महीने पर एक निश्चित रकम निवेश कर सकता है। SIP की किस्तें मात्र ₹250 प्रति माह से भी शुरू की जा सकती हैं।