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पूर्व कॉर्पोरेटर पर धोखाधड़ी का आरोप, 26 साल पुराने मामले में एक्शन, कांग्रेस नेता भड़के

 Edited By: Shakti Singh
 Published : Apr 09, 2026 02:57 pm IST,  Updated : Apr 09, 2026 02:57 pm IST

मामला 26 साल पुराना है, लेकिन चुनाव से ठीक पहले इस मामले में एक्शन होने पर कांग्रेस नेताओं ने इस पर नाराजगी जताई है। वहीं, पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।

Corporator- India TV Hindi
कॉर्पोरेटर पर धोखाधड़ी का आरोप Image Source : REPORTER INPUT

गुजरात के खेड़ा में अहमदाबाद के एक पूर्व कॉर्पोरेटर पर धोखाधड़ी का गंभीर आरोप लगा है। राजनीति की पिच पर बैटिंग करने वाले तस्लीमाआलम तिरमीजी अब कानूनी शिकंजे में फंस गए हैं। आरोप है कि उन्होंने फर्जी 'पेढ़ीनामा' बनवाकर खुद को किसान घोषित किया और करोड़ों की जमीन हथिया ली। हालांकि, इस गिरफ्तारी ने गुजरात की सियासत में उबाल ला दिया है। कांग्रेस के नेताओं ने इसे 'चुनावी साजिश' करार दिया है।

अहमदाबाद के शाह आलम इलाके के निवासी और पूर्व कॉर्पोरेटर तस्लीमआलम तिरमीजी पर शिकंजा कस गया है। मामला साल 2000 से जुड़ा है, लेकिन अब इसकी परतें खुली हैं। 

क्या है मामला?

कपड़वंज तहसील के पुनादरा गांव में एक मृतक किसान, अकबरखान पठान के वारिस के रूप में तस्लीमआलम ने अपना नाम दर्ज कराया था। आरोपी ने कथित तौर पर तलहटी के साथ मिलकर झूठा पेढ़ीनामा तैयार करवाया। इस दस्तावेज में खुद को अकबरखान का वारिस बताया, जबकि जांच में सामने आया कि उनका मृतक किसान से कोई पारिवारिक संबंध ही नहीं था। वंशावली में पिता का नाम तो लिखा, लेकिन उनकी मृत्यु की तारीख और परिवार के अन्य सदस्यों का कोई जिक्र नहीं था।

फर्जी किसान कार्ड बनवाया

प्रशासन की जांच में यह साफ हो गया कि इस फर्जी किसान कार्ड का इस्तेमाल कर तस्लीमआलम ने खेड़ा और अहमदाबाद जिलों में कीमती कृषि भूमि खरीदी। उन्होंने मातर और कपड़वंज के विभिन्न गांवों में जमीन के सौदे किए। जिला कलेक्टर की अध्यक्षता वाली 'जमीन सतर्कता समिति' ने इसे गंभीर साजिश माना और सुओ मोटो  कार्रवाई के आदेश दिए।

कांग्रेस ने जताई नाराजगी

इस गिरफ्तारी ने गुजरात की सियासत में उबाल ला दिया है। कांग्रेस के नेताओं ने इसे 'चुनावी साजिश' करार दिया है। विधायक इमरान खेड़ावाला ने कहा की, "यह गिरफ्तारी पूरी तरह राजनीतिक है। 26 साल पुराने मामले को अचानक चुनाव से ठीक पहले क्यों खोला गया? तस्लीमभाई दोबारा चुनाव लड़ने वाले थे, उन्हें रोकने के लिए सरकार ने यह हथकंडा अपनाया है।"

पिछले साल भी दर्ज हुआ मामला

पुनादरा गांव के तलाटी ईश्वरभाई ओड की शिकायत पर आतरसुंबा पुलिस स्टेशन में धोखाधड़ी और जालसाजी का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब उन सभी कड़ियों को जोड़ रही है जिन्होंने इस भू-माफिया स्टाइल के घोटाले में मदद की थी। इतना ही नही पुलिस जांच मे यह भी सामने आया है कि, 2025 में भी इसी तरह की शिकायत अहमदाबाद के वटवा पुलिस थाने में दर्ज की गई है। 

(खेड़ा से नचिकेत मेहता की रिपोर्ट)

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