पैनिक अटैक और हार्ट अटैक एक दूसरे से जुड़े हुए हैं। दोनों में एक जैसे लक्षण नजर आते हैं जो डराने वाले हो सकते हैं। अगर सीने में दर्द, पसीना आना, हाथों का सुन्न होना और दिल की धड़कन तेज होने जैसा महसूस हो तो अक्सर लोग इसे दिल के दौरे से जोड़कर चिंतित हो जाते हैं। लेकिन ऐसा पैनिक अटैक आने पर भी होता है। आइये जानते हैं कि पैनिक अटैक और हार्ट अटैक में क्या अंतर होता है। क्या पैनिक अटैक वास्तव में हार्ट अटैक का कारण बन सकता है।
इंस्टाग्राम पर बोर्ड- सर्टिफाइड कार्डियोवैस्कुलर सर्जन डॉक्टर जेरेमी लंदन ने एक पोस्ट शेयर कर पैनिक अटैक और हार्ट हेल्थ के बीच संबंध और दोनों के बीच पाए जाने वाले अंतर को समझाया है।
पैनिक अटैक और हार्ट अटैक के लक्षण
डॉक्टर ने बताया कि पैनिक अटैक और हार्ट अटैक के लक्षण बहुत हद तक मिलते-जुलते हैं। सीने में दर्द, पसीना आना, हाथों का सुन्न होना दोनों स्थिति में महसूस हो सकते हैं। लेकिन क्या पैनिक अटैक से हार्ट अटैक आता है तो ऐसा हेल्दी लोगों के साथ नहीं है। हालांकि दोनों के लक्षण काफी एक जैसे होते हैं। लेकिन अंदर का मैकेनिज्म एकदम अलग है। हार्ट अटैक में कोरोनरी धमनियों में से किसी एक में रुकावट हो सकती है। जबकि पैनिक अटैक में तनाव हार्मोन की बाढ़ सी आ जाती है।
क्या बार-बार पैनिक अटैक आने से हार्ट को खतरा है?
अगर आप हेल्दी हैं तो कभी-कभार होने वाला पैनिक अटैक दिल का दौरा पड़ने का कारण नहीं बनता, लेकिन डॉक्टर ने इस बात पर जोर दिया है कि लगातार बनी रहने वाली चिंता को नज़रअंदाज़ नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि बार-बार होने वाले पैनिक अटैक से दिल की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। और अगर आपको पहले से ही हार्ट की बीमारी है तो इसका असर और भी बढ़ सकता है।
तनाव का दिल पर असर
तनाव और चिंता समय के साथ हृदय प्रणाली पर लगातार दबाव डाल सकते हैं, जिससे लंबे समय में स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं। हालांकि डॉक्टर ने बताया कि एक हेल्दी हार्ट आमतौर पर पैनिक अटैक को सहन करने में सक्षम होता है। लेकिन बार-बार आने वाले पैनिक अटैक शरीर पर असर डाल सकते हैं। लगातार बनी रहने वाली चिंता दिल के लिए ठीक नहीं है।
Disclaimer: (इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।)