डायबिटीज भारत के सामने आने वाली बड़ी स्वास्थ्य समस्याओं में से एक है, क्योंकि लगभग 77 मिलियन भारतीय डायबिटीज से पीड़ित हैं। अगर अभी जरूरी कदम नहीं उठाए गए तो ये आंकड़ा भविष्य में और भी बढ़ सकता है। इसलिए जरूरी है कि डायबिटीज को समझें, उसकी गंभीरता को जानें और कंट्रोल करने की कोशिश करें। ऐसी ही कोशिश India Tv ने भी की है इंडिया टीवी स्टीड न्यूज के वैलनेस कॉन्क्लेव में हमने जाने माने डॉक्टर्स से इस बारे में बात की और जाना कि डायबिटीज के खतरे से भारत को कैसे बचाया जा सकता है।
हालांकि इसके लिए आपको सबसे पहले डायबिटीज को जानना जरूरी है। डायबिटीज क्या है और हमारे शरीर को कैसे प्रभावित करता है। डायबिटीज यानि मधुमेह एक पुरानी बीमारी है, जो शरीर में इंसुलिन का उत्पादन या उपयोग करने की क्षमता को प्रभावित करती है, यह एक हार्मोन है जो ब्लड शुगर के लेवल को कंट्रोल करता है। जब हमारा शरीर पर्याप्त इंसुलिन का उत्पादन करने या इसका प्रभावी ढंग से उपयोग करने में असमर्थ होता है, तो हाई ब्लड शुगर की ओर जाता है, जिसे कंट्रोल नहीं किया जाए तो गंभीर परिणाम हो सकते हैं। ज़्यादातर भारतीय युवाओं में टाइप 2 डायबिटीज हो रहा है। और बच्चे टाइप 1 डायबिटीज से पीड़ित हैं।

डॉ. अम्बरीश मिथल, एंडोक्राइनोलॉजिस्ट और मैक्स हेल्थ केयर, साकेत, नई दिल्ली में एंडोक्राइनोलॉजी और डायबिटीज़ के अध्यक्ष और प्रमुख ने डायबिटीज कंट्रोल को लेकर कुछ अहम बातें कहीं। जिससे आप शुगर को मैनेज कर सकते हैं।
डायबिटीज से कैसे बचें, किन बातों का रखें ख्याल
संतुलित आहार लें- डायबिटीज को कंट्रोल करने की दिशा में सबसे महत्वपूर्ण और पहला कदम बैलेंस हेल्दी डाइट लेना है। अपने खाने में कई चीजों को शामिल करें। जैसे फल, सब्जियां, साबुत अनाज, लीन प्रोटीन और हेल्दी फैट खाएं। प्रोसेस्ड और मीठे खाने से बचें। ये चीजें शुगर लेवल में तेजी से वृद्धि करती हैं।
कार्बोहाइड्रेट पर नजर रखें- कार्बोहाइड्रेट ब्लड शुगर के स्तर को सबसे ज़्यादा प्रभावित करते हैं। अपने कार्बोहाइड्रेट सेवन पर नजर रखना और सफेद ब्रेड और चीनी जैसे सिंपल कार्बोहाइड्रेट के बजाय ब्राउन राइस, होल ग्रेन, क्विनोआ जैसे कॉम्प्लेक्स कार्बोहाइड्रेट वाली चीजें खाएं।
फिजिकली एक्टिव रहें- डायबिटीज को मैनेज करने के लिए रोजाना फिजिकल एक्टिविटी जरूर करें। एक्सरसाइज करने से इंसुलिन सेंसिटिविटी में सुधार आता है और ब्लड शुगर के स्तर को कम किया जा सकता है। इससे वजन कंट्रोल रहता है और यह डायबिटीज को आसानी से मैनेज किया जा सकता है।
खूब पानी पिएं- हाइड्रेशन सभी के लिए जरूरी है, लेकिन खासकर उन लोगों के लिए जिन्हें डायबिटीज है। कम पानी पीने से या शरीर में पानी की कमी होने से ब्लड शुगर बढ़ सकता है, इसलिए पूरे दिन खूब पानी पिएं।
समय पर दवा खाएं- अगर आपको शुगर की बीमारी है तो दवा समय पर खाएं। डॉक्टर ने जो दवा जिस समय पर खाने के लिए दी है वो खाएं। खुराक छोड़ने या बदलने से आपके ब्लड शुगर के स्तर पर नेगेटिव असर पड़ सकता है।
तनाव को नियंत्रित करें- तनाव ब्लड शुगर के स्तर को बहुत अधिक प्रभावित कर सकता है। तनाव के कारण ब्लड शुगर का लेवल बढ़ सकता है, जिससे मधुमेह को कंट्रोल करना चुनौतीपूर्ण हो जाता है। इसलिए तनाव को कम करने के उपाय खोजें, जैसे योग, ध्यान या कोई शौक पूरा करना।
नियमित रूप से ब्लड शुगर चेक करवाएं- डायबिटीज के उपचार में ब्लड शुगर के स्तर की नियमित जांच जरूरी है। इससे आपको अपने ब्लड शुगर के स्तर पर भोजन, व्यायाम और दवा के प्रभाव के बारे में पता चलता है ताकि आप उसके अनुसार मैनेज कर सकें।
भरपूर नींद लें- नींद की कमी से ब्लड शुगर के स्तर में वृद्धि और इंसुलिन प्रतिरोध हो सकता है। स्वस्थ ब्लड शुगर के स्तर को बनाए रखने के लिए कम से कम 7-8 घंटे की नींद जरूर लेनी चाहिए।
धूम्रपान बंद करें- धूम्रपान से डायबिटीज और दूसरी हेल्थ समस्याओं का जोखिम भी जुड़ा हुआ है। अगर आप धूम्रपान करते हैं, तो धूम्रपान छोड़ना आपकी हेल्थ के लिए फायदेमंद होगा और सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इससे डायबिटीज को बेहतर तरीके से कंट्रोल किया जा सकता है।