1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. मणिपुर में अब उग्रवादियों की खैर नहीं, गृह मंत्रालय का साफ अल्टीमेटम, जल्द की जाए शांति बहाली, कई जिलों में लगा AFSPA

मणिपुर में अब उग्रवादियों की खैर नहीं, गृह मंत्रालय का साफ अल्टीमेटम, जल्द की जाए शांति बहाली, कई जिलों में लगा AFSPA

 Published : Nov 16, 2024 05:25 pm IST,  Updated : Nov 16, 2024 06:00 pm IST

मणिपुर में शांति बहाली को लेकर गृह मंत्रालय ने साफ निर्देश सुरक्षाबलों को दे दिए हैं। सरकार को हर हाल में मणिपुर में शांति चाहिए। गृह मंत्रालय की ओर से बताया गया कि महत्वपूर्ण मामलों की जांच एनआईए को सौंपी गई है।

मणिपुर में शांति को लेकर गृह मंत्रालय का साफ अल्टीमेटम- India TV Hindi
मणिपुर में शांति को लेकर गृह मंत्रालय का साफ अल्टीमेटम Image Source : FILE PHOTO

मणिपुर में पिछले कई महीनों से अशांति है। अलग-अलग जिलों में हिंसा और उग्रवादियों के आतंक की घटनाएं हो रही हैं। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने शनिवार को कहा कि मणिपुर में तैनात सभी सुरक्षा बलों को राज्य में शांति बहाल करने के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। पिछले कुछ दिनों से सुरक्षा परिदृश्य ‘नाजुक’ बना हुआ है। 

उग्रवादियों ने थाने में किया हमला 

मणिपुर में बीते सोमवार को हिंसा का एक और दौर शुरू हो गया जब 11 संदिग्ध उग्रवादियों ने मणिपुर के जिरीबाम जिले में एक पुलिस थाने और निकटवर्ती सीआरपीएफ (केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल) शिविर पर अत्याधुनिक हथियारों से हमला किया। हालांकि, वे मुठभेड़ में मारे गए। इसके एक दिन बाद, उसी जिले से सशस्त्र उग्रवादियों ने महिलाओं और बच्चों सहित छह नागरिकों का अपहरण कर लिया। 

नाजुक बने हुए हैं हालात

गृह मंत्रालय ने शनिवार को एक बयान में कहा, ‘पिछले कुछ दिनों से मणिपुर में सुरक्षा परिदृश्य नाजुक बना हुआ है। संघर्ष में दोनों समुदायों के सशस्त्र उपद्रवी हिंसा में लिप्त रहे हैं, जिससे लोगों की जान चली गई और लोक व्यवस्था में बाधा उत्पन्न हुई।’ 

NIA को सौंपी गई जांच

बयान के अनुसार, ‘हिंसक और विघटनकारी गतिविधियों में शामिल होने की कोशिश करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू की जाएगी। प्रभावी जांच के लिए महत्वपूर्ण मामले एनआईए को सौंप दिए गए हैं।’ 

सुरक्षा बलों को आवश्यक कदम उठाने के निर्देश

इसके साथ ही कहा गया कि सुरक्षा बलों को शांति बहाल करने के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। गृह मंत्रालय ने लोगों से शांति बनाए रखने, अफवाहों पर विश्वास नहीं करने और राज्य में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा बलों के साथ सहयोग करने का अनुरोध किया है। 

AFSPA को फिर से किया गया लागू 

नाजुक स्थिति को देखते हुए केंद्र ने गुरुवार को हिंसा प्रभावित जिरीबाम सहित राज्य के छह पुलिस थाना क्षेत्रों में सशस्त्र बल (विशेष शक्तियां) अधिनियम (AFSPA) को पुनः लागू कर दिया। यह नया आदेश मणिपुर सरकार द्वारा एक अक्टूबर को इन छह पुलिस थानों समेत 19 थाना क्षेत्रों को छोड़कर पूरे राज्य में अफस्पा लागू करने के बाद जारी किया गया। 

इन थाना क्षेत्रों में लागू हुआ AFSPA

जिन पुलिस थाना क्षेत्रों में अफस्पा को फिर से लागू किया गया है, वे हैं इंफाल पश्चिम जिले में सेकमाई और लमसांग, इंफाल पूर्वी जिले में लमलाई, जिरीबाम जिले में जिरीबाम, कांगपोकपी में लीमाखोंग और बिष्णुपुर में मोइरांग। मणिपुर सरकार के एक अक्टूबर के अफस्पा लगाने के आदेश से बाहर रहे पुलिस थानों में इंफाल, लाम्फाल, सिटी, सिंगजामेई, सेकमाई, लैमसांग, पाटसोई, वांगोई, पोरोम्पैट, हेइनगांग, लामलाई, इरिलबंग, लीमाखोंग, थौबल, बिष्णुपुर, नामबोल, मोइरंग, काकचिंग और जिरीबाम शामिल थे।

अभी तक 200 से अधिक मारे गए

पिछले साल मई से इंफाल घाटी स्थित मेइती और समीपवर्ती पहाड़ियों पर स्थित कुकी-जो समूहों के बीच जातीय हिंसा में 200 से अधिक लोग मारे गए हैं और हजारों लोग बेघर हो गए हैं।

भाषा के इनपुट के साथ 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। National से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत