नई दिल्ली: कांग्रेस ने आज कहा कि 1992 के बाबरी मस्जिद ढहाने के मामले में कानून का शासन कायम होना चाहिए तथा दोषियों को दंडित किया जाना चाहिए। उच्चतम न्यायालय ने लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी एवं उमा भारती सहित भाजपा के शीर्ष नेताओं के खिलाफ आपराधिक साजिश का आरोप बहाल करने का आदेश दिया है।
(देश-विदेश की बड़ी खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें)
इस पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने कहा, उच्चतम न्यायालय ने कह दिया है। कानून को बिना किसी भय या पक्षपात के अपना काम करने देना चाहिए। न्याय होने दीजिए तथा दोषी को दंडित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा, दर्जा, जाति, पंथ, धर्म या क्षेत्र की परवाह किये बिना कानून का शासन सभी के लिए एक समान होता है।
ये भी पढ़ें
- बाबरी केस: क्या अब लग जाएगा आडवाणी का राष्ट्रपति बनने के सफर पर ब्रेक?
- बाबरी कांड: आडवाणी, जोशी, उमा समेत 13 पर चलेगा आपराधिक षडयंत्र का केस
कांग्रेस नेता का यह बयान उच्चतम न्यायालय के उस फैसले की पृष्ठभूमि में आया जिसमें आडवाणी, जोशी, उमा सहित भाजपा के शीर्ष नेताओं के खिलाफ 1992 में बाबरी मस्जिद ढहाने के मामले में आपराधिक साजिश बहाल करने के सीबीआई के अनुरोध को स्वीकृति दे दी है।
न्यायालय ने यह भी आदेश दिया है कि इन नेताओं एवं कारसेवकों के खिलाफ दिन प्रति दिन सुनवाई होगी और मुकदमे को दो साल में पूरा कर लिया जाएगा।