जम्मू-कश्मीर की राजधानी श्रीनगर में ड्रग तस्करी और आतंकी गतिविधियों से जुड़ी 7 करोड़ रुपये से ज़्यादा की संपत्ति को NDPS और UAPA कानूनों के तहत ज़ब्त किया गया है। पुलिस ने बताया कि लगभग 7.11 करोड़ रुपये की कीमत वाली चार अचल संपत्तियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई है। यह कार्रवाई ड्रग तस्करी, आतंकी गतिविधियों और उनके वित्तीय नेटवर्क के खिलाफ पुलिस की लगातार चल रही कार्रवाई का हिस्सा है।
जकूरा पुलिस थाने ने एनडीपीएस अधिनियम के तहत दर्ज एक मामले के संबंध में जकूरा की बिलाल कॉलोनी में स्थित एक आवासीय मकान और उससे जुड़ी जमीन को कुर्क किया है। इसकी कीमत लगभग 2. 5 करोड़ रुपये है और यह संपत्ति ओवैस अहमद राथर की है। उन्होंने कहा कि जांच के दौरान इस संपत्ति के बारे में पता चला कि इसे कथित तौर पर अवैध मादक पदार्थों की तस्करी से जुटाये धन से हासिल किया गया था, इसलिए एनडीपीएस अधिनियम की धारा 68-एफ(1) के तहत इसे कुर्क किया गया।
करोड़ों की संपत्तियां जब्त
पुलिस ने कहा कि इस आदेश के तहत सक्षम अधिकारी के अगले आदेश तक इसकी बिक्री, लीज़, ट्रांसफर, बदलाव या किसी तीसरे पक्ष का अधिकार बनाने पर रोक है। नौगाम पुलिस स्टेशन ने ड्रग से जुड़े एक मामले में वागूरा के रहने वाले शिराज़ अहमद शेख की लगभग 2.85 करोड़ रुपये की संपत्ति ज़ब्त की। इस संपत्ति में 18 मरला ज़मीन पर बनी दो मंज़िला कंक्रीट की इमारत, दो दुकानें और एक राइस मिल शामिल है। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि सक्षम अधिकारी की मंज़ूरी के बाद NDPS एक्ट की धारा 68-F के तहत यह ज़ब्ती की गई।
इन आरोपियों पर हुई कार्रवाई
पुलिस ने बताया कि एक अन्य कार्रवाई में, अहमद नगर पुलिस स्टेशन ने आर्म्स एक्ट और UAPA के प्रावधानों के तहत दर्ज FIR के सिलसिले में ज़हूर अहमद मीर की दनिहामा, हज़रतबल स्थित लगभग 1.30 करोड़ रुपये की रिहायशी संपत्ति ज़ब्त की। इस संपत्ति में एक मंज़िला रिहायशी घर और उससे जुड़ी 6 मरला ज़मीन शामिल है, जिसे UA(P) एक्ट की धारा 25 के तहत ज़ब्त किया गया। NDPS मामले के सिलसिले में, शालटेंग पुलिस ने श्रीनगर के चेक मुजगुंड में अमीर अहमद मीर के एक मंज़िला रिहायशी घर और 7 मरला ज़मीन को ज़ब्त कर लिया है। इस संपत्ति की कीमत लगभग 46 लाख रुपये है। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि जांच में यह बात सामने आई है कि यह संपत्ति गैर-कानूनी ड्रग तस्करी से हुई कमाई से खरीदी गई थी।
रिपोर्टः पीटीआई