1. Hindi News
  2. महाराष्ट्र
  3. दो हिस्सों में बंटी शिवसेना का कौन सा पक्ष करेगा इस सीट पर कब्जा, क्या पिता की लाज बचा पाएंगे नारायण राणे के बेटे

दो हिस्सों में बंटी शिवसेना का कौन सा पक्ष करेगा इस सीट पर कब्जा, क्या पिता की लाज बचा पाएंगे नारायण राणे के बेटे

 Written By: Pankaj Yadav @ThePankajY
 Published : Nov 17, 2024 05:03 pm IST,  Updated : Nov 19, 2024 06:34 pm IST

कुदाल विधानसभा सीट महाराष्ट्र के 288 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में से एक है। यहां 20 नवंबर को वोटिंग होगी और 23 नवंबर को मतगणना। देखते हैं इस बार बंटी हुई शिव सेना का कौन सा पक्ष इस सीट पर अपना कब्जा जमाता है।

कुदाल विधानसभा सीट- India TV Hindi
चुनाव में कुदाल सीट से नारायण राणे के बेटे नीलेश राणे के सामने खड़े हैं वैभव नाईक Image Source : INDIA TV

महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 20 नवंबर को होने वाला है। 23 नवंबर को नतीजे भी सामने आ जाएंगे। इस दिन नेताओं की किस्मत का फैसला वहां की जनता जनार्दन के हाथों में होगी कि आखिर कौन उन पर अगले 5 सालों तक राज करेगा और कौन विपक्ष की भूमिका में रहेगा। 288 विधानसभा सीटों में से एक कुदाल विधानसभा सीट पर भी चुनाव होने वाले हैं। ऐसे में इस सीट पर महायुति और महा विकास अघाड़ी में दिलचस्प मुकाबला देखने को मिलेगा। 

शिवसेना VS शिवसेना-UBT

किसी समय में कांग्रेस का पुरजोर विरोध करने वाली पार्टी शिवसेना दो हिस्सों में बंट चुकी है। जिसमें शिवसेना भाजपा का साथ दे रही है तो वहीं, शिवसेना उद्धव बाला साहब ठाकरे (SHS-UBT) कांग्रेस के साथ मिलकर चुनाव लड़ रही है। इन दोनों पार्टियों में मुकाबला काफी रोचक बन चुका है। जहां शिवसेना की तरफ से नारायण राणे के बेटे नीलेश नारायण राणे चुनाव लड़ रहे हैं। तो वहीं, शिवसेना उद्धव बाला साहब ठाकरे (SHS-UBT) की ओर से वैभव नाईक को चुनावी मैदान में उतारा गया है। हालांकि इस सीट पर महा विकास अघाड़ी दल की स्थिति मजबूत मानी जा रही है।

पिछले चुनावों की स्थिति

कुदाल विधानसभा सीट पर अगर पिछले चुनावों के परिणामों पर नजर डालें तो आप देख सकते हैं कि इस सीट पर अलग-अलग समय पर विभिन्न दलों का वर्चस्व बदलते रहा है। साल 2009 में कुदाल से कांग्रेस के प्रत्याशी नारायण राणे ने जीत हासिल की थी। बताते चलें कि नारायण राणे पहले शिवसेना में थे लेकिन बाद में उन्होंने कांग्रेस का दामन थाम लिया और इस सीट पर कांग्रेस की तरफ से जीत हासिल कर ली। इस सीट पर नारायण राणे की पकड़ मजबूत थी। लेकिन साल 2014 में शिवसेना के वैभव नाइक ने नारायण राणे को हराकर यह सीट शिवसेना की झोली में डाल दी। उस साल वैभव को चुनाव में कुल 70,581 वोट मिले, जबकि नारायण राणे को 60,206 वोट मिले थे। 

2019 के चुनाव परिणाम

साल 2019 में वैभव नाइक एक बार फिर से इस सीट पर जीत दर्ज की और इस बार उन्होंने निर्दलीय उम्मीदवार रंजीत दत्तात्रेय देसाई को हराया। 2019 में वैभव को 69,168 वोट मिले, जबकि रंजीत देसाई को 54,819 वोट मिले थे। कुदाल सीट पर वैभव नाईक की यह लगातार दूसरी जीत थी। इससे यह साफ होता है कि वैभव नाईक ने इस सीट पर शिवसेना की पकड़ को और भी मजबूत किया है। इस क्षेत्र में शिवसेना का प्रभाव बढ़ा और जनता ने उन पर भरोसा बनाए रखा। 

ये भी पढ़ें:

क्या इस बार भोकर में BJP लहरा पाएगी जीत का परचम? पलट सकता है पूरा पासा, समझें मुकाबले का पूरा समीकरण

माहिम विधानसभा सीट: अमित राज ठाकरे के सामने 2 बार के विधायक सदा सरवणकर, त्रिकोणीय है मुकाबला

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। महाराष्ट्र से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।