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इस साल भारत बन जाएगा दुनिया की 5वीं सबसे बड़ी अर्थव्‍यवस्‍था, ब्रिटेन छूट जाएगा पीछे

 Edited By: India TV Paisa Desk
 Published : Jun 03, 2019 08:36 pm IST,  Updated : Jun 03, 2019 08:36 pm IST

रिपोर्ट में कहा गया है कि 2019 में भारत के दुनिया के 5वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने का अनुमान है, इसके जीडीपी का कुल आकार बढ़कर 3 लाख करोड़ डॉलर से अधिक हो जाएगा

India to become 5th largest economy globally this year- India TV Hindi
India to become 5th largest economy globally this year Image Source : INDIA

नई दिल्‍ली। इस साल भारत दुनिया की 5वीं सबसे बड़ी अर्थव्‍यवस्‍था वाला देश बन जाएगा। वर्तमान में भारत छठवें स्‍थान पर है और ब्रिटेन दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्‍यवस्‍था है। आईएचएस मार्किट ने अपनी रिपोर्ट में अनुमान लगाया है कि 2025 तक भारत एशिया-पेसीफ‍िक रीजन में जापान को पछाड़कर दूसरे स्‍थान पर आ जाएगा।

आम चुनाव में प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी और उनकी पार्टी भाजपा की जीत पर तैयार की गई इस रिपोर्ट में कहा गया है कि 2019 से 2023 की अवधि के दौरान जीडीपी ग्रोथ रेट के औसत लगभग 7 प्रतिशत बने रहने के साथ मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल को लेकर आर्थिक परिदृश्‍य सकारात्‍मक है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि 2019 में भारत के दुनिया के 5वीं सबसे बड़ी अर्थव्‍यवस्‍था बनने का अनुमान है, इसके जीडीपी का कुल आकार बढ़कर 3 लाख करोड़ डॉलर से अधिक हो जाएगा और यह ब्रिटेन को पीछे छोड़ देगा। 2025 तक भारत की जीडीपी द्वारा जापान को भी पीछे छोड़ देने का अनुमान है, जो भारत को एशिया पेसीफ‍िक रीजन में दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्‍यवस्‍था बना देगा।

जैसे-जैसे भारत दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं की रैंकिंग में आगे बढ़ रहा है, वैश्विक जीडीपी विकास की गति में इसका योगदान भी बढ़ेगा। भारत एशिया-प्रशांत क्षेत्र के प्रमुख आर्थिक विकास इंजनों में से एक के रूप में तेजी से महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा, जिससे एशियाई क्षेत्रीय व्यापार और निवेश प्रवाह को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।

आईएचएस ने कहा कि मोदी के दूसरे कार्यकाल में भारत महत्‍वपूर्ण आर्थिक चुनौतियों का सामना करता रहेगा। भारत सरकार के लिए एक प्रमुख नीतिगत प्राथमिकता सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में सुधारों को जारी रखना और उनकी बैलेंस शीट पर गैर-निष्पादित (या खराब) ऋणों के बोझ को कम करना होगा।  

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