1. You Are At:
  2. Hindi News
  3. पैसा
  4. बिज़नेस
  5. भारतीय रेलवे ने अपना बहीखाता सुधारने के लिए उठाया कदम, प्रीमियम ग्राहकों से अग्रिम भुगतान करने को कहा

भारतीय रेलवे ने अपना बहीखाता सुधारने के लिए उठाया कदम, प्रीमियम ग्राहकों से अग्रिम भुगतान करने को कहा

पिछले कैलेंडर वर्ष में करीब 50 माल भाड़ा ग्राहकों का भारतीय रेल के साथ 500 करोड़ रुपए या उससे ज्यादा का कारोबार था और इसलिए ये इकाइयां योजना की पात्र हैं।

India TV Paisa Desk India TV Paisa Desk
Published on: January 29, 2020 11:48 IST
Indian Railways eyes advance payments from premium freight customers - India TV Paisa

Indian Railways eyes advance payments from premium freight customers

नई दिल्ली। भारतीय रेलवे ने उसके साथ 500 करोड़ रुपए से अधिक का कारोबार करने वाले अपने प्रीमियम माल भाड़ा ग्राहकों से अगले वित्त वर्ष 2020-2021 के परिचालन के लिए अग्रिम भुगतान करने को कहा है। भारतीय रेलवे द्वारा अपने चालू वित्त वर्ष के खाते को बेहतर स्थिति में लाने के मकसद से यह कदम उठाया जा रहा है।

पिछले साल रेलवे को माल भाड़ा अग्रिम योजना के तहत अतिरिक्त राजस्व के रूप में 18,000 करोड़ रुपए मिले थे। इस योजना के तहत प्रीमियम ग्राहकों के लिए पूरे वित्त वर्ष के लिए माल भाड़ा सुनिश्चित किया जाता है और उन्हें रैक आवंटन में भी प्राथमिकता दी जाती है।

मामले से जुड़े एक नीतिगत दस्तावेज में कहा गया है कि वित्त वर्ष 2020-21 में लाभ लेने के लिए अग्रिम राशि का भुगतान 31 मार्च 2020 तक किया जाना है। भारतीय रेल के वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि यह योजना सिर्फ अतिरिक्त आय के लिए नहीं है बल्कि हमारे ग्राहकों के साथ निरंतर कारोबार सुनिश्चित करने और संबंध बनाए रखने के लिए है।

उन्होंने कहा कि हम इस योजना के तहत अपने प्रमुख ग्राहकों को लाभ दे रहे हैं। ये लाभ इस योजना के बिना नहीं मिलते हैं। यह सिर्फ एक व्यवसाय है। रेलवे के विभिन्न जोन ने पत्र भेजा है ताकि ग्राहकों को इस योजना का लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित किया जा सके।

साल 2019 में एनटीपीसी ने रेलवे को अग्रिम भुगतान किया था। रेलवे के साथ उसका कारोबार 8,557 करोड़ रुपए का है। भारतीय कंटेनर निगम लिमिटेड (कॉनकॉर) ने 3,000 करोड़ रुपए का अग्रिम भुगतान किया था। सूत्रों ने कहा कि दो निजी कंपनियों ने वित्त वर्ष 2020-21 के लिए इस योजना में रुचि दिखाई है और इस पर जल्द हस्ताक्षर होंगे। पिछले कैलेंडर वर्ष में करीब 50 माल भाड़ा ग्राहकों का भारतीय रेल के साथ 500 करोड़ रुपए या उससे ज्यादा का कारोबार था और इसलिए ये इकाइयां योजना की पात्र हैं। 

Write a comment
X