कमजोर वैश्विक संकेतों और चौतरफा बिकवाली के दबाव के बीच गुरुवार, 8 अक्टूबर को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत गिरावट के साथ हुई। रिजर्व बैंक द्वारा रेपो रेट में की गई बढ़ोतरी और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में सुस्ती का असर घरेलू बाजार पर स्पष्ट रूप से देखने को मिल रहा है। सत्र की शुरुआत में ही सेंसेक्स करीब 180 अंक टूट गया। वहीं दूसरी ओर, निफ्टी भी 22,600 के महत्वपूर्ण स्तर से नीचे फिसलकर खुला। हालांकि, इस नरमी के बीच आईटी इंडेक्स में 1.55% की शानदार तेजी देखने को मिली।
कारोबारी सत्र के शुरुआती मिनटों में बाजार का रुख लाल निशान में रहा। बीएसई सेंसेक्स 177.83 अंक की गिरावट के साथ 72,460.87 के स्तर पर कारोबार करता दिखा। एनएसई निफ्टी 62.25 अंक टूटकर 22,540.80 पर आ गया। बाजार की चौड़ाई की बात करें तो लगभग 1,075 शेयरों में तेजी दर्ज की गई, जबकि 1,563 शेयरों में गिरावट रही और 145 शेयर बिना किसी बदलाव के कारोबार कर रहे थे।
IT शेयरों में हरियाली, रियल्टी और मेटल पस्त
सेक्टरवार आंकड़ों पर नजर डालें तो निफ्टी आईटी इंडेक्स 1.55% की मजबूती के साथ बाजार को सहारा देने का प्रयास कर रहा था। इसके विपरीत, निफ्टी रियल्टी (-1.51%), निफ्टी मेटल (-1.16%) और निफ्टी एफएमसीजी (-0.89%) में गहरी गिरावट देखने को मिली।
टॉप गेनर्स और लूजर्स स्टॉक्स
- टॉप गेनर्स: दिग्गज आईटी कंपनियों के बल पर टीसीएस (+2.57%), एचसीएल टेक (+2.00%), टेक महिंद्रा (+1.62%) और इंफोसिस (+1.56%) के शेयर हरे निशान में शीर्ष पर रहे। ट्रेंट, सिप्ला और सन फार्मा में भी हल्की खरीदारी देखी गई।
- टॉप लूजर्स: बिकवाली के दबाव में एसबीआई लाइफ (-2.14%), आईटीसी (-2.05%), अडानी एंटाप्राइजेज (-1.84%), बजाज फाइनेंस (-1.30%), मैक्स हेल्थकेयर (-1.24%) और इंडिगो (-1.04%) के शेयर सबसे ज्यादा टूटे।
पेटीएम के शेयरों में अचानक क्यों आई बड़ी गिरावट?
शेयर बाजार की इस हलचल के बीच डिजिटल पेमेंट कंपनी पेटीएम के शेयरों में भारी बिकवाली दर्ज की गई। गिरावट की मुख्य वजह भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा लिया गया बड़ा फैसला है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने पेटीएम पेमेंट्स बैंक लिमिटेड को भारतीय रिजर्व बैंक अधिनियम, 1934 की दूसरी अनुसूची से बाहर कर दिया है। इस नियामकीय कार्रवाई की खबर सामने आते ही निवेशकों में घबराहट फैल गई, जिससे पेटीएम के शेयरों पर भारी दबाव आ गया।
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