कोटा: कोटा शहर में दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के दौरान मंगलवार शाम कोटड़ी नहर में बड़ा हादसा हो गया। नाग-नागिन मंदिर के पास विसर्जन के लिए निकली नाव अचानक असंतुलित होकर पलट गई। नाव में सवार चार लोग पानी के तेज बहाव में बह गए, जबकि तीन लोगों को आसपास मौजूद लोगों ने सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
हादसे पर लोक सभा अध्यक्ष ओम बिरला ने दुख जताया
हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। जानकारी के मुताबिक, मंगलवार शाम करीब 5:30 बजे 7 लोग नाव पर सवार होकर दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के लिए नहर में गए थे। इसी दौरान नाव का संतुलन बिगड़ गया और वह पलट गई। हादसे पर लोक सभा अध्यक्ष ओम बिरला ने दुख जताया है।
बिरला ने प्रशासन को तत्परता से काम करने को कहा है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक,नाव पलटते ही उसमें सवार लोग पानी में गिर गए। आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल बचाव की कोशिश की और तीन लोगों को बाहर निकाल लिया, जबकि चार लोग लापता हो गए। हादसे की सूचना मिलते ही नगर निगम की गोताखोर टीम, एसडीआरएफ और सिविल डिफेंस की टीमें मौके पर पहुंचीं और लापता लोगों की तलाश शुरू कर दी। एसडीआरएफ के करीब 15 से 17 जवानों सहित बचाव दल रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटे हैं।
शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने के निर्देश दिए
नहर में पानी का बहाव कम करने के लिए पानी की आवक भी बंद करवाई गई। हादसे की जानकारी मिलते ही शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने जिला प्रशासन को तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने के निर्देश दिए। जिला कलेक्टर पीयूष समारिया और सिटी एसपी तेजस्विनी गौतम भी घटनास्थल पर पहुंचीं और रेस्क्यू ऑपरेशन का जायजा लिया।
सिटी एसपी ने क्या बताया?
सिटी एसपी तेजस्विनी गौतम ने बताया कि नाव में सात लोग सवार थे और दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के दौरान नाव असंतुलित होकर पलट गई। तीन लोग सुरक्षित बाहर निकल आए, जबकि चार लोगों के पानी में फंसे होने की सूचना है। एसडीआरएफ, सिविल डिफेंस, नगर निगम की गोताखोर टीम और जिला प्रशासन की मदद से लापता लोगों की तलाश की जा रही है। प्रशासन की प्राथमिकता जल्द से जल्द रेस्क्यू ऑपरेशन पूरा करना है। नहर में हुए इस हादसे के बाद घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। बचाव दल लापता लोगों की तलाश में जुटे हुए हैं।
परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल
जानकारी के अनुसार, विज्ञान नगर के संजय नगर से छह बच्चे दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के लिए नहर पर पहुंचे थे। विसर्जन के दौरान बच्चे नाव में सवार थे, तभी बीच पानी में नाव पलट गई। हादसे में केशु, गोलू, सुरेश और राहुल के डूबने की जानकारी सामने आई है। वहीं, माला कंवर और दीपक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। एसडीआरएफ, नगर निगम की रेस्क्यू टीम और गोताखोर बच्चों की तलाश में जुटे हैं। बच्चों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। प्रशासन की निगरानी में तलाश अभियान जारी है।
इससे पहले वैशाली में गांधी सेतु के पास 11 लोगों से भरी नाव पलटी थी, जिसमें एक की मौत हुई थी और एक अन्य लापता हो गया था। (रिपोर्ट- दिनेश कश्यप)
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