ज्योतिष शास्त्र में मंगल ग्रह को शक्ति, साहस, आत्मविश्वास और कर्म क्षमता का प्रतीक बताया गया है। कुंडली में 'ग्रहों के सेनापति' की स्थिति का बहुत प्रभाव पड़ता है। वहीं अगर मंगल कमजोर हो तो जीवन के कई क्षेत्रों में रुकावटें और चुनौतियां आने की आशंका रहती है। ज्योतिष में मंगल को अनुकूल बनाने के लिए कुछ उपाय बताए गए हैं। चलिए जानते हैं इन उपायों के बारे में।
कुंडली में कमजोर मंगल के संकेत
ज्योतिष अनुसार, जब कुंडली में मंगल कमजोर होता है तो व्यक्ति को कई तरह के संकेत महसूस हो सकते हैं। जैसे छोटी-छोटी बातों पर गुस्सा आना, आत्मविश्वास में कमी महसूस होना, फैसले लेने में परेशानी और कार्यों में बार-बार रुकावट आना इसके सामान्य संकेत बताए गए हैं। वहीं, मंगल की अशुभ स्थिति से जमीन-जायदाद से जुड़े विवाद या अनावश्यक तनाव की स्थिति भी बन सकती है।
- हनुमान जी की आराधना : मंगलवार का दिन मंगल ग्रह से जुड़ा है। वहीं, देवताओं में यह दिन बजरंगबली को समर्पित है। इस दिन भगवान हनुमान की पूजा करना, हनुमान चालीसा का पाठ या सुंदरकांड का पाठ करना शुभ माना जाता है। मान्यता है कि इस उपाय से व्यक्ति में साहस और आत्मविश्वास बढ़ता है। वहीं, मंगलवार को सात्विक जीवन अपनाने की सलाह दी जाती है।
- मंगल मंत्र का जाप: जिन जातकों का कुंडली में मंगल ग्रह कमजोर होता है, उनके लिए विशेष मंत्र का जाप भी लाभकारी माना जाता है। 'ॐ क्रां क्रीं क्रौं सः भौमाय नमः' मंत्र का नियमित जाप करने से मंगल ग्रह की कृपा प्राप्त होने की मान्यता है। इसे श्रद्धा के साथ 108 बार जपने की परंपरा बताई गई है।
- कार्तिकेय पूजा से मिलेगा लाभ: भगवान कार्तिकेय को साहस और पराक्रम का प्रतीक माना जाता है। मंगलवार या स्कंद षष्ठी के दिन उनकी पूजा करने की परंपरा है। मान्यता है कि इससे मानसिक शक्ति और आत्मविश्वास बढ़ाने में सहायता मिलती है। पूजा-पाठ के साथ अच्छे व्यवहार और सकारात्मक सोच को भी महत्व दें। क्रोध और जल्दबाजी में फैसले लेने से बचें।
- लाल चीजों का दान: अगर आपकी कुंडली में मंगल ग्रह का अशुभ प्रभाव है तो मंगलवार के दिन लाल वस्तुओं का दान शुभ होता है। लाल मसूर की दाल, गुड़, लाल कपड़े या तांबे की चीजें दान करने से मंगल का सकारात्मक प्रभाव बढ़ने की मान्यता है।
- सेवा और मदद: मंगलवार को जरूरतमंद लोगों को भोजन कराएं या बंदरों को गुड़-चना खिलाएं। इसे मंगल ग्रह की ऊर्जा को संतुलित करने वाला उपाय माना जाता है।
- बिना सलाह न पहनें मूंगा: लाल मूंगा मंगल ग्रह का रत्न माना जाता है, लेकिन इसे हर व्यक्ति के लिए शुभ नहीं माना जाता। इसलिए मूंगा धारण करने से पहले विशेषज्ञों से सलाह लेना जरूरी है।
- अनुशासन से मजबूत करें मंगल: मंगल कर्म और ऊर्जा का कारक ग्रह है। इसलिए नियमित व्यायाम करना, समय की पाबंदी, गुस्से पर नियंत्रण रखना भी मंगल को बेहतर बनाने वाले व्यवहारिक उपायों में शामिल किए जाते हैं।
मंगल की स्थिति जानना जरूरी
ज्योतिष विशेषज्ञों के अनुसार, केवल लक्षणों के आधार पर मंगल को कमजोर नहीं माना जा सकता। कुंडली में मंगल किस भाव व किस राशि में स्थित है, अन्य ग्रहों से उसका संबंध, इन सभी का गहराई से अध्ययन भी जरूरी है। इसके बाद ही किसी भी उपाय को अपनाएं।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
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