मुंबई: विराट कोहली के उभरता हुआ युवा क्रिकेटर से मंझा हुआ बल्लेबाज बनने के दौरान भारतीय टीम के कप्तान रहे महेंद्र सिंह धोनी ने कहा कि वर्तमान कप्तान ने पिछले कुछ सालों में जो लाजवाब प्रदर्शन किया है उससे वह पहले ही ‘महानतम’ बनने के करीब पहुंच गया है। धोनी ने कहा, ‘‘कोहली सर्वश्रेष्ठ है और पहले ही उस मुकाम पर पहुंच चुका है जहां वह महानतम बनने के करीब है। इसलिए मैं उसके लिये बहुत खुश हूं। और जिस तरह से वह पिछले कुछ सालों में हर देश में अच्छा प्रदर्शन कर रहा है वह लाजवाब है।’’
इस पूर्व कप्तान ने एक समय उनके साथ उप कप्तान रहे कोहली की बल्लेबाजी की जमकर तारीफ की। कोहली ने अपनी शुरुआती क्रिकेट धोनी की कप्तानी में खेली और एक प्रतिभाशाली किशोर से विश्व के सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज बने। इंग्लैंड के खिलाफ पहले टेस्ट मैच में अपनी 149 रन की पारी से भारतीय कप्तान ने आखिरी किला भी फतह कर दिया। धोनी को खुशी है कि कोहली टीम को आगे लेकर जा रहे हैं।
धोनी ने कहा, ‘‘वह टीम को आगे लेकर जा रहा है और आप एक नेतृत्वकर्ता से यही चाहते हो। इसलिए उसको मेरी शुभकामनाएं।’’
इस स्टार विकेटकीपर बल्लेबाज ने अपने क्रिकेट भविष्य को लेकर लग रही अटकलबाजियों को भी विराम देते हुए स्पष्ट किया कि इंग्लैंड में 2019 में होने वाले विश्व कप तक वह कोई फैसला नहीं करने जा रहे हैं।
इंग्लैंड के खिलाफ पिछले महीने आखिरी वनडे के बाद धोनी ने मैच गेंद देने के लिये कहा था और तब से उनके संन्यास को लेकर अटकलें लगायी जा रही थी लेकिन उन्होंने खुलासा किया कि वह अगले साल की महत्वपूर्ण प्रतियोगिता के लिये तैयारी कर रहे थे।
उन्होंने कहा,‘‘मैंने गेंद इसलिए मांगी क्योंकि मैं यह देखना चाहता था कि हम पर्याप्त रिवर्स स्विंग क्यों हासिल नहीं कर पाये। अगले साल हमें इंग्लैंड में विश्व कप खेलना है और हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि हमें रिवर्स स्विंग मिले क्योंकि यह महत्वपूर्ण है। अगर विरोधी टीम को रिवर्स स्विंग मिलती है तो हमें भी मिलनी चाहिए। ’’
धोनी ने कहा,‘‘ पारी खत्म होने के बाद आईसीसी (अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद) के लिये गेंद अनुपयोगी हो जाती है इसलिए मैंने अंपायर से अनुरोध किया कि क्या मैं गेंद ले सकता हूं और उसे गेंदबाजी कोच को थमा दिया। ’’
धोनी से पूछा गया कि पहला टेस्ट मैच गंवाने के बाद भारत कैसे टेस्ट सीरीज जीत सकता है, उन्होंने कहा,‘‘ मैं आपसे एक बात कहूं - टेस्ट मैच जीतने के लिये आपको 20 विकेट लेने होते हैं। इसलिए मैं आपको यही जवाब दे सकता हूं क्योंकि यह मायने नहीं रखता कि आपने कितनी अच्छी बल्लेबाजी की, आपने पांच दिन कितने अच्छे बिताये। आप 20 विकेट लेने पर ही टेस्ट मैच जीत सकते हैं। ’’