1. Hindi News
  2. विदेश
  3. अमेरिका
  4. क्या है ‘डार्क वेब मार्केटप्लेस’ जिस पर करोड़ों अमेरिकी डॉलर का प्रतिबंधित पदार्थ बेच चुका भारतीय, अब मिली 5 साल की सजा

क्या है ‘डार्क वेब मार्केटप्लेस’ जिस पर करोड़ों अमेरिकी डॉलर का प्रतिबंधित पदार्थ बेच चुका भारतीय, अब मिली 5 साल की सजा

 Edited By: Dharmendra Kumar Mishra
 Published : Apr 20, 2024 03:02 pm IST,  Updated : Apr 20, 2024 03:02 pm IST

अमेरिका में डार्क वेब मार्केट प्लेस के जरिये प्रतिबंधित पदार्थ बेच रहे एक भारतीय को 5 साल की कड़ी सजाई सुनाई गई है। यह व्यक्ति डार्क वेब मार्केट प्लेस पर करोड़ों अमेरिकी डॉलर मूल्य के प्रतिबंधित पदार्थों को बेज चुका है। भुगतान क्रिप्टो करेंसी में लेता था।

अमेरिका की अदालत। - India TV Hindi
अमेरिका की अदालत। Image Source : AP

वाशिंगटनः अमेरिका में अंधाधुंध कमाई की चाह रखने वाले 40 वर्षीय भारतीय नागरिक को कोर्ट ने 5 साल की कड़ी सजा दी है। यह भारतीय ‘डार्क वेब मार्केटप्लेस’ पर प्रतिबंधित पदार्थों बेचने के मामले में दोषी पाया गया है, जिसके बाद अदालत ने पांच साल कारावास की सजा सुनाई है। इसके पास से लगभग 15 करोड़ अमेरिकी डॉलर जब्त किए जाने का आदेश दिया गया है। बता दें कि डार्क वेब इंटरनेट का वह हिस्सा है, जहां तक आम सर्च इंजन नहीं पहुंच पाता और इस तक विशेष वेब ब्राउजर के जरिए ही पहुंचा जा सकता है।

हल्द्वानी के बनमीत सिंह को अमेरिका के अनुरोध पर अप्रैल 2019 में लंदन में गिरफ्तार किया गया था। उसे मार्च 2023 में अमेरिका प्रत्यर्पित किया गया। उसने प्रतिबंधित पदार्थों को बचने और धनशोधन की साजिश के आरोपों को जनवरी में स्वीकार किया। प्रतिबंधित पदार्थ आम तौर पर ऐसी दवा या रसायन होता है, जिसका निर्माण और उपयोग सरकार द्वारा नियंत्रित किया जाता है। अदालती दस्तावेजों और अदालत में दिए गए बयानों के अनुसार, बनमीत ने फेंटेनाइल, एलएसडी, एक्स्टसी, जैनैक्स, केटामाइन और ट्रामाडोल जैसे नियंत्रित पदार्थ बेचने के लिए सिल्क रोड, अल्फा बे, हंसा समेत कई अन्य डार्क वेब मार्केटप्लेस पर विक्रेता विपणन साइट बनाईं।

क्रिप्टो करेंसी के जरिये लेता था भुगतान

डार्क वेब मार्केटप्लेस पर प्रतबंधित वस्तुएं बेचने वाला यह शख्स ग्राहकों से क्रिप्टो करेंसी लेता था। ग्राहकों ने इन साइट का उपयोग करके सिंह से ऑर्डर की गई दवाओं के लिए क्रिप्टोकरेंसी के जरिए भुगतान किया। इसके बाद सिंह ने व्यक्तिगत रूप से यूएस मेल या अन्य शिपिंग सेवाओं के माध्यम से यूरोप से अमेरिका तक दवाओं की खेप पहुंचाने की व्यवस्था की। एक अधिकारी ने बताया कि इस काम के जरिए बनमीत ने करीब 15 करोड़ अमेरिकी डॉलर कमाए। (भाषा) 

यह भी पढ़ें

अमेरिका में लगातार क्यों हो रही है भारतीय छात्रों की मौत, सामने आई यह सनसनीखेज रिपोर्ट

एडल्ट स्टार के चक्कर में फंसे ट्रंप की बढ़ी मुश्किल, पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति को कोर्ट ने दिया झटका

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। US से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश