टीवी के पर्दे के सुपरस्टार, चॉकलेटी बॉय और लड़कियों के दिलों का हार्टथ्रोब कहे जाने वाले राजीव खंडेलवाल ने हमेशा ही अपनी एक्टिंग से लोगों को प्रभावित किया। 2000 की शुरुआत में ही वो टीवी के पर्दे पर छा गए और सुजल के किरदार ने उन्हें घर-घर में फेमस बना दिया, लेकिन साल 2007 में इस टीवी सितारे ने अपने करियर को नई दिशा दी। टीवी से हटकर उन्होंने कुछ नया करने की सोचा और इसी के साथ साल 2007 में बॉलीवुड में उनका सफर शुरू हुआ। राजीव ने 'आमिर' फिल्म से डेब्यू किया। सस्पेंस-थ्रिलर फिल्म की कहानी इतनी जोरदार थी कि लोगों ने उसे काफी पसंद किया। ये फिल्म आज भी लोगों की वॉच लिस्ट में शामिल रहती है। जानें इस फिल्म की कहानी और किरदारों के बारे में।
फिल्म का प्लॉट
1 घंटे 39 मिनट की फिल्म में डॉक्टर आमिर अली के इर्द-गिर्द घूमती है। भारतीय मूल का आमिर लंदन से मुंबई लौटकर जैसे ही आता है, उसके खिलाफ एक साजिश रची जाती है। उसे जबरन आतंकवादी गतिविधियों का हिस्सा बनने के लिए मजबूर किया जाता है। कहानी शुरू होती है आमिर के परिवार से, जिसमें उसके पिता, मां, तीन बहनें और एक भाई है। पूरा परिवार एक मिडिल क्लास जिंदगी बिताता है, इसी बीच पिता की मौत हो जाती है, पिता को मिट्टी देकर आमिर ब्रिटेन चला जाता है, पढ़ाई करता है, मेडिकल की डिग्री लेकर वापस आता है। जैसा ही लौटता है एयरपोर्ट पर एक कस्टम अफसर उसे परेशान करता है और कई बार तलाशी लेता है। तलाशी के बाद उसे जाने दिया जाता है, लेकिन वो जैसे ही बाहर आता है उसे दो लोग बाइक पर मिलते हैं और एक फोन देते हैं। फोन लेते ही कहानी में बड़ा ट्विस्ट आता है
यहीं से उसकी जिंदगी पूरी तरह बदल जाती है। वो डोंगरी, भिंडी बाजार में भटकता है, उसके एक लाल सूटकेस दिया जाता है। फोन पर उसे लगातार एक जगह से दूसरी जगह जाने के निर्देश दिए जाते हैं। कहा जाता है कि अगर वो उनकी कही बातें नहीं मानेगा तो उसके परिवार को मार दिया जाएगा, इस डर से वो सहमत हो जाता है। बताए गए स्थान पर वो पहुंचा नहीं होता कि उससे पहले ही वो बैग चोरी हो जाता है। अब सवाल ये है कि आमिर आगे क्या करेगा, परिवार को कैसे बचाएगा, सूटकेस को कैसे खोजेगा, ये सब जानने के लिए आपको फिल्म देखनी होगी।
IMDb रेटिंग, कब और कहां देखें
राजीव खंडेलवाल की फिल्म 'आमिर' को IMDb पर शानदार 7.6 की रेटिंग मिली है। क्रिटिक्स ने भी इस फिल्म को खूब सराहा था, इतना ही नहीं ये भी कहा जाता है कि ये राजीव खंडेलवाल के करियर की सबसी शानदार परफॉर्मेंस वाली फिल्म है। उन्होंने अपनी दमदार एक्टिंग से फिल्म में जान भर दी थी। साल 2008 में सिनेमाघरों में रिलीज हुई इस फिल्म को अब आप ओटीटी पर देख सकते हैं। 16 साल पुरानी ये फिल्म अमेजन एमएक्स प्लेयर पर मौजूद है। ये फिल्म आपका वीकेंड मनोरंजन से भरपूर बना देगी।
फिल्म की कास्ट और निर्देशक
फिल्म का निर्देशन और लेखन दोनों ही राज कुमार गुप्ता ने किया। फिल्म में राजीव खंडेलवाल लीड रोल में नजर नजर आए। उन्होंने डॉ आमिर अली का रोल निभाया था। इनके अलावा फिल्म में मुकेश अग्रहरी वेटर के रोल में दिखे थे। ऐश्वर्या भास्करण ने फलक रोल निभाया था। वासन बाला ने फिल्म में मैसेंजर का किरदार किया। रोहतास गौड़ कस्टम ऑफिसर के रोल में नजर आए। सुपवित्रा बाबुल प्लेन में सवार पैसेंजर के रोल में थीं। गजराज राव फिल्म में सेलफोन के पार बैठे शख्स के रोल में थे।