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ये हैं हाई कोलेस्ट्रॉल के 5 खतरनाक संकेत, बिना टेस्ट किए कर सकते हैं पहचान

Written By: Poonam Yadav @R154Poonam
Published : May 23, 2025 03:46 pm IST,  Updated : May 23, 2025 03:46 pm IST
हाई कोलेस्ट्रॉल की समस्या दुनियाभर में तेजी से बढ़ रही है। जीवनशैली और खानपान में बदलाव ने इस समस्या को बढ़ाया है। कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ने से धमनियों (आर्टरी) में प्लाक जम जाता है, जो हार्ट अटैक और स्ट्रोक का कारण बन सकता है। यह समस्या इसलिए गंभीर है, क्योंकि हाई कोलेस्ट्रॉल के लक्षण सामान्यतः दिखते नहीं हैं। इसके लक्षण तब दिखते हैं, जब स्थिति गंभीर हो जाती है। हालांकि कुछ छोटी-छोटी बातों पर नजर रखते हुए आप समय रहते समस्या का अंदाजा लगा सकते हैं। ऐसे में आर्टेमिस अस्पताल में स्थित वरिष्ठ सलाहकार-आंतरिक चिकित्सा डॉ. सीमा धीर बता रही हैं कि इसके लक्षणों को कैसे पहचानें?
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हाई कोलेस्ट्रॉल की समस्या दुनियाभर में तेजी से बढ़ रही है। जीवनशैली और खानपान में बदलाव ने इस समस्या को बढ़ाया है। कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ने से धमनियों (आर्टरी) में प्लाक जम जाता है, जो हार्ट अटैक और स्ट्रोक का कारण बन सकता है। यह समस्या इसलिए गंभीर है, क्योंकि हाई कोलेस्ट्रॉल के लक्षण सामान्यतः दिखते नहीं हैं। इसके लक्षण तब दिखते हैं, जब स्थिति गंभीर हो जाती है। हालांकि कुछ छोटी-छोटी बातों पर नजर रखते हुए आप समय रहते समस्या का अंदाजा लगा सकते हैं। ऐसे में आर्टेमिस अस्पताल में स्थित वरिष्ठ सलाहकार-आंतरिक चिकित्सा डॉ. सीमा धीर बता रही हैं कि इसके लक्षणों को कैसे पहचानें?
सीने में दर्द : सीने में दर्द होना हाई कोलेस्ट्रॉल के अहम लक्षणों में से है। इसे एंजाइना कहते हैं। दरअसल कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ने से रक्त प्रवाह (ब्लड फ्लो) कम हो जाता है, जिससे सीने में दर्द होता है। अगर लगातार ऐसा लगे तो तत्काल जांच करानी चाहिए।
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सीने में दर्द : सीने में दर्द होना हाई कोलेस्ट्रॉल के अहम लक्षणों में से है। इसे एंजाइना कहते हैं। दरअसल कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ने से रक्त प्रवाह (ब्लड फ्लो) कम हो जाता है, जिससे सीने में दर्द होता है। अगर लगातार ऐसा लगे तो तत्काल जांच करानी चाहिए।
सांस फूलना : हृदय को ऑक्सीजन युक्त रक्त की पूरी आपूर्ति नहीं होने से सांस फूलने की समस्या होती है। कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ जाने से विशेष रूप से किसी शारीरिक गतिविधि के बाद सांस फूलने की समस्या देखने को मिलती है। सीढ़ी चढ़ने पर सांस फूलना भी इसका संकेत है
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सांस फूलना : हृदय को ऑक्सीजन युक्त रक्त की पूरी आपूर्ति नहीं होने से सांस फूलने की समस्या होती है। कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ जाने से विशेष रूप से किसी शारीरिक गतिविधि के बाद सांस फूलने की समस्या देखने को मिलती है। सीढ़ी चढ़ने पर सांस फूलना भी इसका संकेत है
पैरों में दर्द : कोलेस्ट्रॉल के लक्षण के बारे में सोचते हुए अक्सर ध्यान सिर्फ सीने में दर्द या सांस फूलने पर ही जाता है। लेकिन इसके लक्षण यहीं तक सीमित नहीं हैं। व्यायाम या पैदल चलने के बाद अक्सर पैरों में ऐंठन या दर्द भी धमनियों में रक्त प्रवाह बाधित होने का लक्षण होता है, जिसका संबंध हाई कोलेस्ट्रॉल से है।
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पैरों में दर्द : कोलेस्ट्रॉल के लक्षण के बारे में सोचते हुए अक्सर ध्यान सिर्फ सीने में दर्द या सांस फूलने पर ही जाता है। लेकिन इसके लक्षण यहीं तक सीमित नहीं हैं। व्यायाम या पैदल चलने के बाद अक्सर पैरों में ऐंठन या दर्द भी धमनियों में रक्त प्रवाह बाधित होने का लक्षण होता है, जिसका संबंध हाई कोलेस्ट्रॉल से है।
थकान और कमजोरी: अकारण ही थकान या कमजोरी लगना भी हाई कोलेस्ट्रॉल का लक्षण है। दरअसल हृदय की मांसपेशियों तक पर्याप्त रक्त प्रवाह नहीं होने से शरीर थका हुआ अनुभव करता है। कोई शारीरिक श्रम किए बिना ही बहुत ज्यादा थकान लगती है।
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थकान और कमजोरी: अकारण ही थकान या कमजोरी लगना भी हाई कोलेस्ट्रॉल का लक्षण है। दरअसल हृदय की मांसपेशियों तक पर्याप्त रक्त प्रवाह नहीं होने से शरीर थका हुआ अनुभव करता है। कोई शारीरिक श्रम किए बिना ही बहुत ज्यादा थकान लगती है।
नजर कमजोर होना: अगर हाई कोलेस्ट्रॉल के कारण आंखों की रक्त वाहिकाओं पर असर पड़ने लगे तो नजर कमजोर होने की समस्या भी हो सकती है। अगर अचानक ही नजर कमजोर होने लगे तो सतर्क हो जाना चाहिए और कोलेस्ट्रॉल की जांच करानी चाहिए।
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नजर कमजोर होना: अगर हाई कोलेस्ट्रॉल के कारण आंखों की रक्त वाहिकाओं पर असर पड़ने लगे तो नजर कमजोर होने की समस्या भी हो सकती है। अगर अचानक ही नजर कमजोर होने लगे तो सतर्क हो जाना चाहिए और कोलेस्ट्रॉल की जांच करानी चाहिए।
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