भुवनेश्वर: पिछले हफ्ते मुख्यमंत्री नवीन पटनायक के अवास के पास आत्मदाह की कोशिश करने वाले होमगार्ड के जवान की रविवार को इलाज के दौरान मौत हो गई। उनका शव पहुंचने पर वहां तनाव व्याप्त हो गया। मृतक के रिश्तेदारों ने सरकार से मुआवजे की मांग की है।
अस्पताल के अधिकारियों ने कहा कि 2013 में निलंबित किए गए संदीप हाटी (45) ने कटक के एससीबी मेडिकल कॉलेज ऐंड हॉस्पिटल में दम तोड़ दिया। संदीप ने 2 सितंबर की रात को ओडिशा के मुख्यमंत्री के आवास नवीन निवास के पास आत्मदाह की कोशिश की थी। बुरी तरह झुलस चुके संदीप को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बताया जाता है कि नवीन पटनायक के आवास के नजदीक तैनात पुलिसकर्मी के पहुंचने तक वह 65 प्रतिशत झुलस चुके थे।
संदीप ने राज्य की राजधानी में होमगार्ड जवान के तौर पर अपनी बर्खास्तगी का विरोध करते हुए किरोसीन छिड़ककर आग लगा ली थी। तत्कालीन डीसीपी के खिलाफ होम गार्ड असोसिएशन की विरोध रैली में कथित तौर पर हिस्सा लेने के आरोप में उन्हें हटाया गया था। हाटी ने आरोपों से इनकार करते हुए कहा था कि वह रैली में शामिल नहीं हुए थे और न्याय नहीं मिलने के कारण उन्होंने यह कदम उठाया। पुरी जिले के हाटी के गांव हलाडिपाडिया में शव पहुंचने पर तनाव व्याप्त हो गया है। स्थानीय लोगों और परिजनों ने मुआवजे की मांग की है।