नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने आय घोषणा योजना के तहत काले धन के खुलासे पर कर एवं जुर्माने के भुगतान की समयसीमा बढ़ाने की गुरुवार को घोषणा की। योजना को तहत कालेधन की घोषणा करने वाले अब अगले साल 30 सितंबर तक तीन किस्तों में कर और जुर्माने का भुगतान कर सकेंगे। इसके साथ ही सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस योजना के तहत प्रभावी कर दर 45 प्रतिशत ही रहेगी। आय घोषणा योजना (आईडीएस) के तहत अपने अघोषित आय रखने वाले 45 प्रतिशत कर, अधिभार व जुर्माने का भुगतान कर पाक साफ हो सकते हैं और जुर्माने से बच सकते हैं। पहले इसके तहत बकाया के भुगतान के लिए इस साल 30 सितंबर यानी दो महीने का समय दिया गया था।
अब सरकार ने 30 सितंबर 2017 तक तीन किस्तों में बकाया भुगतान की अनुमति दी है। वित्त मंत्रालय ने एक बयान में यह जानकारी देते हुए कहा है कि आय घोषणा योजना 2016 के तहत कर एवं जुर्माने की 25 प्रतिशत राशि की पहली किस्त 30 नवंबर 2016 तक, इसके बाद 25 प्रतिशत की दूसरी किस्त 31 मार्च 2017 तक देनी होगी। शेष राशि की तीसरी किस्त 30 सितंबर 2017 तक चुकानी होगी। एक अलग बयान में सरकार ने आईडीएस के तहत प्रभावी कर दर 31 प्रतिशत रहने संबंधी चर्चाओं को भी विराम दे दिया है।
दरअसल भागीदारों ने पूछा था कि आईडीएस के तहत भुगतान अघोषित आय में से ही किया जा सकता है जिससे प्रभावी कर दर घटकर लगभग 31 प्रतिशत रह जाएगी। इस पर सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस योजना के तहत चुकाए जाने वाले कर, अधिभार व जुर्माने की दर में संशोधन या बदलाव की उसकी कोई मंशा नहीं है।
प्राय: पूछे जाने वाले सवालों (एफएक्यू) के रूप में जारी इस स्पष्टीकरण में कहा गया है, वित्त कानून, 2016 की धारा 184 व 185 में यह सुस्पष्ट है कि कर, अधिभार व जुर्माने का भुगतान अघोषित आय के 45 प्रतिशत की दर से किया जाएगा। सरकारी वक्तव्य में कहा गया है कि आय घोषणा योजना के भागीदारों के समक्ष आने वाली व्यावहारिक दिक्कत को ध्यान में रखते हुए भुगतान समयसीमा में बदलाव किया गया है। उल्लेखनीय है कि आय घोषणा योजना (आईडीएस) की घोषणा 2016-17 के बजट में की गई थी।
योजना के तहत घोषणा करने की अवधि 30 सितंबर को समाप्त हो जाएगी। इसके तहत देश के भीतर कालाधन रखने वाला कोई भी व्यक्ति अघोषित संपत्ति की घोषणा कर सकता है, जिसपर वह कर और जुर्माने सहित कुल 45 प्रतिशत कर का भुगतान कर अपनी स्थिति पाक साफ कर सकता है। इसके बाद वह परेशानी और दंडात्मक कारवाई से बच सकता है।