पुणे: NCP नेता और महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने पिंपरी चिंचवड़ इलाके में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बीजेपी पर जमकर निशाना साधा था जिसे लेकर अब वह पलट चुके हैं। आज जब एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में अजीत पवार से इस सवाल के बारे में पूछा गया तब उन्होंने कहा इस बारे में मैं आपसे कितनी बार कहूं, पत्रकार मित्रों। जब आप [मेरी बात] दिखाते हैं, तो आपने ऐसा दिखाया जैसे मैंने पूरी बीजेपी (BJP) के बारे में बोला है। मैं नगर निगम के कामकाज और वहां के जिम्मेदार लोगों के बारे में बात कर रहा था। मैं उनके भ्रष्ट कामकाज के बारे में बोल रहा था और अभी भी उन्हीं के बारे में बोलूंगा।"
अजीत पवार ने अपने प्रेस कांफ्रेंस BJP के स्थानीय नगर निगम पदाधिकारी पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया था। इस आरोप को लेकर अजीत पवार से सवाल पूछा गया तब उन्होंने मीडिया पर आरोप लगाते हुए कहा कि हम ने जो बयान दिया था, मीडिया ने उसे बढ़ा-चढ़ाकर और अलग तरीके से पेश किया। उन्होंने कहा कि मीडिया की इस रिपोर्टिंग की वजह से ही अन्य नेताओं ने (जिनका नाम मीडिया ले रहा था) अपनी प्रतिक्रिया दी। इस मौके पर गठबंधन की राजनीति पवार ने याद दिलाई कि जब वे आघाडी (यूपीए और महा विकास अघाड़ी) में थे, तब भी केंद्र और राज्य स्तर पर साथ होने के बावजूद स्थानीय निकाय चुनावों (पुणे और पिंपरी-चिंचवड़) में वे एक-दूसरे के खिलाफ चुनाव लड़ते थे।
उम्मीदवारों को धमकी मिलने पर क्या बोले अजीत पवार?
चुनावी माहौल में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवारों को धमकी मिलने के बाद उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस से की जिसे लेकर अजीत पवार से सवाल पूछा गया तो उन्होंने बताया कि अगर चुनाव में खड़े होने के बाद किसी को जान का खतरा है, तो उन्हें सुरक्षा देना पुलिस का काम है। सवाल केवल दस दिनों का है। चाहे वह कोई भी उम्मीदवार हो, अगर वह पुलिस से मांग करता है, तो पुलिस को उन्हें सुरक्षा देनी चाहिए
शहर में दहशत किसकी है? यह सवाल पूछे जाने पर अजित पवार बोले अब, किस उम्मीदवार ने मांग की है और किस क्षेत्र में की है, हम देखते ही हैं कि अलग-अलग क्षेत्रों में अलग-अलग दहशत फैलाने वाले लोग होते हैं। मैंने पुलिस अधिकारियों से पूछा है। उन्होंने कहा कि लिखित शिकायत मिलने पर हम उसकी जांच करेंगे और यदि आवश्यक हुआ, तो हम उन्हें सुरक्षा प्रदान करेंगे।
रिपोर्ट-समीर शेख, पुणे