चुनाव आयोग ने महाराष्ट्र में SIR के तहत दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की समयसीमा 13 अक्टूबर से बढ़ाकर 26 अक्टूबर कर दी है। इससे मतदाताओं को वोटर लिस्ट में अपना नाम शामिल कराने के लिए 13 दिन की अतिरिक्त मोहलत मिल गई है। महाराष्ट्र में SIR के तहत अब तक क्या कार्रवाई हुई है, कितने नाम ड्राफ्ट लिस्ट में शामिल नहीं हुए और कितने आवेदन प्राप्त हुए हैं, आइए जानते हैं पूरी स्थिति।
महाराष्ट्र में कुल कितने वोटर्स?
12 अक्टूबर 2026 तक उपलब्ध आंकड़ों के आधार पर महाराष्ट्र में SIR से पहले मतदाताओं की कुल संख्या लगभग 9.78 करोड़ थी। 31 अगस्त को प्रकाशित ड्राफ्ट मतदाता सूची में 7.72 करोड़ मतदाताओं के नाम शामिल किए गए, जबकि करीब 2.07 करोड़ नाम ड्राफ्ट सूची में नहीं आए। यह कुल मतदाताओं का लगभग 21.14 प्रतिशत है। हालांकि, इसे अंतिम रूप से हटाए गए मतदाताओं की संख्या नहीं माना जा सकता। आपको बता दें कि चुनाव आयोग की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, महाराष्ट्र में SIR की प्रक्रिया के तहत फाइनल वोटर लिस्ट 16 नवंबर को जारी की जाएगी।
2.07 करोड़ नाम ड्राफ्ट सूची में क्यों नहीं आए?
- घर पर नहीं मिले या अनुपस्थित: 75.52 लाख
- स्थायी रूप से दूसरी जगह चले गए: 76.80 लाख
- मृत घोषित किए गए: 34.81 लाख
- डुप्लीकेट या दूसरी जगह पहले से दर्ज: 17.63 लाख
- अन्य कारण: 2.23 लाख
कुल: लगभग 2.0688 करोड़ मतदाता
महाराष्ट्र में SIR के तहत जिन मतदाताओं के नाम कट गए हैं या ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल नहीं हैं, उन्हें नाम जुड़वाने और दावे-आपत्तियां दर्ज कराने के लिए अब 26 अक्टूबर 2026 तक का समय दिया गया है। जानकारी के अनुसार, 12 अक्टूबर 2026 तक कुल 14,02,782 आवेदन प्राप्त हुए हैं। इनमें फॉर्म 6 के तहत 9 लाख 03 हजार 196 फॉर्म 7 के तहत 3हजार 24 और फॉर्म 8 के तहत 4 लाख 69 हजार 562 आवेदन शामिल हैं। फॉर्म 6 नए मतदाताओं के पंजीकरण और नाम जोड़ने, फॉर्म 7 नाम शामिल करने पर आपत्ति या नाम हटाने और फॉर्म 8 मतदाता सूची में नाम, पता या अन्य विवरण में सुधार के लिए इस्तेमाल किया जाता है।
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