नई दिल्ली। भारत की आर्थिक राजधानी मुंबई, रहने की लागत के मामले में प्रवासियों के लिए देश का सबसे महंगा शहर बनकर उभरा है। मर्सर के वर्ष 2020- रहन सहन की लागत (कॉस्ट ऑफ लिविंग सर्वे) सर्वेक्षण के अनुसार, वैश्विक स्तर पर प्रवासियों के लिए मुंबई विश्व में 60 वां सबसे महंगा शहर है, जबकि एशिया में यह 19 वें स्थान पर है।
Related Stories
सर्वेक्षण के अनुसार भारतीय शहरों में मुंबई सबसे महंगा शहर है, इसके बाद नई दिल्ली (विश्व स्तर पर 101 वां) और चेन्नई (विश्व स्तर पर 143वें स्थान पर) है। सर्वेक्षण में कहा गया है कि बेंगलुरु (171) और कोलकाता (185) रैंकिंग में सबसे कम खर्चीले भारतीय शहर हैं। कुल मिलाकर, सर्वेक्षण में शामिल सभी भारतीय शहरों ने कम से कम चार स्थानों से अपनी रैंकिंग में छलांग लगाई है, जिसमें नई दिल्ली सर्वाधिक वृद्धि के साथ 17वें स्थान पर पहुंच गया है और प्रवासियों के लिए सबसे महंगे शहरों की शीर्ष 100 सूची से बहुत कम के अंतर से ही रह गया है।
वैश्विक सूची में हांगकांग सबसे ऊपर था, उसके बाद अश्गाबात (तुर्कमेनिस्तान) दूसरे स्थान पर था। जापान के टोक्यो और स्विट्जरलैंड के ज्यूरिख क्रमशः तीसरे और चौथे स्थान पर हैं, जबकि सिंगापुर पिछले साल से दो स्थान नीचे पांचवें स्थान पर है। वैश्विक रैंकिंग में शीर्ष दस में शामिल होने वाले अन्य शहरों में छठे स्थान पर संयुक्त राज्य अमेरिका का न्यूयॉर्क शहर, सातवें पर चीन का शंघाई, सातवें स्थान पर स्विट्जरलैंड का बर्न और जिनेवा, क्रमशः नौवें और नौवें स्थान पर बीजिंग और दसवें स्थान पर बीजिंग हैं।