1. You Are At:
  2. Hindi News
  3. पैसा
  4. बिज़नेस
  5. सन फार्मा ने मिर्गी के इलाज के लिए Brivaracetam की पूरी रेंज बाजार में उतारने का ऐलान किया

सन फार्मा ने मिर्गी के इलाज के लिए Brivaracetam की पूरी रेंज बाजार में उतारने का ऐलान किया

सन फार्मास्युटिकल इंडस्ट्रीज लिमिटेड ने आज घोषणा की कि कंपनी भारत में मिर्गी के इलाज के लिए किफायती कीमतों पर ब्रीवरसेटम की खुराक की पूरी रेंज बाजार में उतारेगी।

India TV Paisa Desk India TV Paisa Desk
Published on: February 23, 2021 19:28 IST
Kirti Ganorkar, CEO – India Business- India TV Paisa
Photo:SUN PHARMA

Kirti Ganorkar, CEO – India Business

नई दिल्ली: सन फार्मास्युटिकल इंडस्ट्रीज लिमिटेड ने आज घोषणा करते हुए बताया कि कंपनी भारत में मिर्गी के इलाज के लिए किफायती कीमतों पर ब्रीवरसेटम की खुराक की पूरी रेंज बाजार में उतारेगी। सन फार्मा के ब्रांड बे्रविपिल टेबलेट को 25एमजी/50एमजी/75एमजी/100एमजी वेरिएंट में पेटेंट समाप्त होने (21 फरवरी, 2021) के एक दिन बाद बाजार में उतारा गया था।

ब्रेविपिल ओरल सॉल्यूशन (10एमजी/एमएल) और इंजेक्टेबल (10एमजी/एमएल) अगले कुछ हफ्तों में बाजार में उपलब्ध होगा। 16 वर्ष और इससे अधिक की आयु के रोगियों में मिर्गी के साथ आंशिक रूप से शुरू होने वाले दौरे और मिर्गी के उपचार में सहायक चिकित्सा के रूप में ब्रीवरसेटम को ड्रग्स कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया (डीसीजीआई) द्वारा अनुमोदित कर दिया गया है।

कीर्ति गनोरकर, सीईओ- इंडिया बिजनेस, सन फार्मा ने कहा, ‘‘हम प्रतिस्पर्धी मूल्य पर भारत में ब्रीवरसेटम की पूरी रेंज पेश कर रहे हैं और इस तरह यह दवा अब आसानी से रोगी की पहुंच में होगी। यह प्रोडक्ट भारत में रोगियों और स्वास्थ्य देखभाल पेशेवरों के लिए उपचार के अनेक विकल्प प्रस्तुत करते हुए मिर्गी की देखभाल में सुधार के प्रति हमारी प्रतिबद्धता की पुष्टि करता है।’’

ब्रीवरसेटम मिर्गी-रोधी दवाओं (एईडी) के वर्ग से संबंधित है, जिसमें मौजूदा उपचार विकल्पों की तुलना में कार्रवाई का एक अलग मैकेनिज्म है। यह तेजी से कार्रवाई की शुरुआत करता है और प्रभावकारिता का वादा करता है।1 लंबे समय तक अध्ययन से संकेत मिलता है कि ब्रीवरसेटम का उपयोग करने पर फेवरेबल टॉलरेबिलिटी प्रोफाइल और उपचार के अनुपालन के साथ  जो रेस्पॉन्स मिलता है, वह स्थिर रहता है।

मिर्गी हालांकि एक सामान्य न्यूरोलॉजिकल विकार है, लेकिन मिर्गी से जुड़े सामाजिक कलंक, सांस्कृतिक प्रथाओं और नए उपचार विकल्पों को लेकर कम जागरूकता के कारण, भारत में मिर्गी का प्रबंधन एक चुनौती है। यह अनुमान है कि भारत में लगभग 5.7 मिलियन से 6.4 मिलियन लोग मिर्गी से पीड़ित हैं।

Write a comment