8th Pay Commission लागू होने का इंतजार देश के करोड़ों केंद्रीय कर्मचारी और पेंशनर्स कर रहे हैं। सरकार ने आठवां वेतन आयोग लागू करने का ऐलान किया है लेकिन प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ रही है। अब सरकार ने इस वेतन आयोग को लेकर संसद में जवाब दिया है। आपको बता दें कि सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों के लिए 8वें केंद्रीय वेतन आयोग (8वीं सीपीसी) के गठन के अपने फैसले की आधिकारिक पुष्टि कर दी है। सांसद टी.आर. बालू और आनंद भदौरिया ने सरकार से 8वें वेतन आयोग के लिए समिति के गठन की प्रगति के बारे में सरकार से सवाल पूछा था। सरकार के जवाब के अनुसार, प्रमुख हितधारकों से इनपुट मांगे गए हैं। सरकार द्वारा 8वें सीपीसी को अधिसूचित किए जाने के बाद 8वें वेतन आयोग के अध्यक्ष और सदस्यों की नियुक्ति की जाएगी। सरकार ने अभी तक समिति और उसके लिए संदर्भ की शर्तों की घोषणा नहीं की है।
सरकार से क्या पूछा गया था प्रश्न?
लोकसभा सदस्य टी.आर. बालू और आनंद भदौरिया ने सरकार से संसद में पूछा था कि क्या सरकार ने जनवरी 2025 में इसकी घोषणा के बाद, 8वें केंद्रीय वेतन आयोग के गठन को औपचारिक रूप से अधिसूचित कर दिया है? अगर, हां, तो उसका ब्यौरा क्या है और अगर नहीं, तो छह महीने बीत जाने के बाद भी इसे स्थापित न करने के क्या कारण हैं?
सरकार ने संसद में उत्तर दिया: सरकार ने 8वें केंद्रीय वेतन आयोग (सीपीसी) के गठन का निर्णय लिया है। रक्षा मंत्रालय, गृह मंत्रालय, कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग और राज्यों सहित प्रमुख हितधारकों से सुझाव मांगे गए हैं।
8वें केंद्रीय वेतन आयोग के अध्यक्ष और सदस्यों की नियुक्ति कब तक की जाएगी और आयोग के कार्यक्षेत्र क्या होंगे? कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए संशोधित वेतनमान कब तक लागू किए जाएंगे?
सरकार ने उत्तर दिया: 8वें केंद्रीय वेतन आयोग की अधिसूचना सरकार द्वारा जारी किए जाने के बाद 8वें केंद्रीय वेतन आयोग के अध्यक्ष और सदस्यों की नियुक्ति की जाएगी।
सरकार ने उत्तर दिया: आठवें वेतन आयोग द्वारा सिफारिशें किए जाने और सरकार द्वारा स्वीकार किए जाने के बाद ही कार्यान्वयन शुरू किया जाएगा।
वेतन और पेंशन में होगी बड़ी बढ़ोतरी
8वें वेतन आयोग के तहत वेतन में बढ़ोतरी फिटमेंट फैक्टर पर निर्भर करेगी जो 1.90 से 1.95 के बीच रह सकता है। आपको बता दें कि वेतन आयोगों में एक प्रमुख अवधारणा फिटमेंट फैक्टर है, जो सभी स्तरों पर संशोधित वेतन और पेंशन की गणना करने के लिए उपयोग किया जाने वाला एक सामान्य गुणक है। यह कर्मचारी ग्रेड या वेतन बैंड की परवाह किए बिना एक समान वेतन वृद्धि सुनिश्चित करता है। अगर फिटमेंट फैक्टर 1.90 से 2.5 के बीच रहा तो वेतन में अच्छी वृद्धि होगी। बता दें कि 7वें वेतन आयोग के तहत, 2.57 के फिटमेंट फैक्टर की बदौलत न्यूनतम मूल वेतन 7,000 रुपये से बढ़कर 18,000 रुपये हो गया। पेंशन में भी बड़ा संशोधन हुआ 3,500 रुपये से 9,000 रुपये तक हो गया था। आयोग ने केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए एक स्वास्थ्य बीमा योजना भी शुरू की थी। एक रिपोर्ट के मुताबिक, 8वें वेतन आयोग के तहत सरकारी कर्मचारियों का न्यूनतम वेतन 40,000-45,000 रुपये तक बढ़ाया जा सकता है, साथ ही पेंशन में भी समायोजन किया जा सकता है। महंगाई भत्ते में बदलाव होगा, लेकिन बढ़े हुए भत्ते वेतन वृद्धि में शुरुआती गिरावट की भरपाई कर सकते हैं।



































