पीएम-विद्यालक्ष्मी एजुकेशन लोन में ब्याज दर आम शिक्षा ऋण के मुकाबले कम है। लोन चुकाने की अवधि 15 साल है।
बैंक के इस फैसले के बाद यह लोन उन उम्मीदवारों के लिए उपलब्ध है जो भारत भर में 860 चिन्हित गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा संस्थानों (क्यूएचईआई) में मेरिट के आधार पर प्रवेश हासिल करते हैं।
क्रेडिट स्कोर नहीं होने वाले छात्र ज्वाइंट लोन या कोलेट्रल लोन पर विचार कर सकते हैं। अच्छे क्रेडिट हिस्ट्री वाले के साथ ज्वाइंट एजुकेशन लोन के लिए अप्लाई कर आसानी से लोन लिया जा सकता है।
Education Loan: कोर्स पूरा होने के 1 साल बाद तक एजुकेशन लोन में रिपेमेंट की जरूरत नहीं होती है। कुछ कर्जदाता विदेश में पढ़ाई के लिए वीजा मिलने से पहले ही कर्ज का कुछ अमाउंट दे देते हैं।
Education Loan में लचीली पुनर्भुगतान अवधि होती है। आप 15 साल की अवधि तक भी अपना लोन चुका सकते हैं।
Education Loan: कोर्स पूरा होने के 1 साल बाद तक एजुकेशन लोन में रिपेमेंट की जरूरत नहीं होती है। कुछ कर्जदाता विदेश में पढ़ाई के लिए वीजा मिलने से पहले ही कर्ज का कुछ अमाउंट दे देते हैं।
एजुकेशन लोन लेते समय फीस, हॉस्टल फीस, लैपटॉप और किताब-कॉपी के खर्चों को जरूर जोड़ें। जुकेशन लोन लेते हैं तो पढ़ाई खत्म होने के 1 साल बाद लोन चुकाना शुरू कर दें।
हायर एजुकेशन करने की सोच रहे छात्रों के लिए अब पैसा बाधा नहीं बनेगी। केंद्र सरकार ने पीएम विद्यालक्ष्मी स्कीम शुरू की है। इस स्कीम के तहत आसानी से पढ़ाई खर्च के लिए बैंक लोन देंगे।
योजना के तहत 7.5 लाख रुपये तक के लोन अमाउंट के लिए छात्र बकाया डिफॉल्ट के 75% की क्रेडिट गारंटी के लिए भी पात्र होगा। इससे बैंकों को योजना के तहत छात्रों को एजुकेशन लोन उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इसी सप्ताह मंगलवार को पेश बजट में मॉडल कौशल ऋण योजना को संशोधित रूप में पेश किये जाने की घोषणा की थी। इस उपाय से हर साल 25,000 छात्रों को मदद मिलने की उम्मीद है।
Education Loan vs Saving: आप स्टूडेंट हैं या पैरेंट्स। खुद की शिक्षा या फिर अपने बच्चों के उज्जवल भविष्य के लिए बेहतर एजुकेशन की चाहत आपके अंदर जरूर होगी। ऐसे में अगर आप ये सोच रहे हैं कि अपना सेविंग खर्च कर के बजाय लोन लेना सही है या नहीं, तो आपके इसी सवालों के जवाब को इस खबर में देने जा रहा हूं।
जून 2022 में प्रकाशित इस पत्र में कहा गया कि भारत में करीब 90 फीसदी शिक्षा ऋण सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक देते हैं।
Education loan: कई बार सही समय पर पैसे के प्रबंध नहीं होने के चलते अच्छे स्टूंडेट्स (Students) एवरेज बनकर रह जाते हैं। एजुकेशन लोन (Education loan) आपकी शिक्षा में खर्च होने वाली रकम को पूरा करता है, जिसे बाद में आप नौकरी करने के साथ जमा कर देते हैं।
अगर आपने भी हायर एजुकेशन के लिए लोन लिया है तो आपको उसका भुगतान करने से पहले कई बातों का ध्यान रखना चाहिए।
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देशभर में SBI के 43 करोड़ से ज्यादा खाते हैं और बैंक अपने ग्राहकों को होमलोन, पर्सनल लोन, ऑटो लोन, गोल्ड लोन और एजुकेशन लोन जैसी तमाम तरह की सुविधाएं देता है। ऐसे में जानना जरूरी है कि अलग-अलग लोन पर SBI कितना ब्याज लेता है
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एजुकेशन लोन का सहारा उन अभिभावकों के लिए एक अच्छा विकल्प है जो अपने बच्चे को उच्च शिक्षा दिलाना चाहते हैं और अपने सपने पूरा करना चाहते हैं। एजुकेशन लोन न केवल हायर एजुकेशन के लिए पैसों की कमी को पूरा करता है बल्कि इसके ब्याज के भुगतान पर इनकम टैक्स में कटौती का लाभ भी मिलता है।
एजुकेशन लोन न केवल पढ़ाई के लिए पैसों की कमी को पूरा करता है बल्कि इसके ब्याज के भुगतान पर इनकम टैक्स में कटौती का लाभ भी मिलता है।
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