Indian Tourist Video : चीन में यात्रा कर रही एक भारतीय महिला टूरिस्ट ने स्वच्छता, सिविक सेंस और सार्वजनिक जिम्मेदारी पर अपने विचार शेयर किए हैं। वीडियो वायरल होने के बाद इस पर बहस छिड़ गई है। महिला ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो पोस्ट किया है जिसमें वह बता रही हैं कि चीन अपनी विशाल जनसंख्या के बावजूद सार्वजनिक स्थानों को साफ-सुथरा रखने में कैसे कामयाब रहता है।
इंस्टाग्राम पर शेयर किया वीडियो
इस वीडियो को इंस्टाग्राम पर @pahadan_____ नामक हैंडल से शेयर किया गया है। वीडियो में सृष्टि ने कहा, 'जो लोग कहते हैं कि भारत की आबादी बहुत ज़्यादा है और इसीलिए वहां स्वच्छता संभव नहीं है, वे एक बार चीन आकर देखें कि वहां कितने लोग रहते हैं। फिर भी, इस स्तर की स्वच्छता देखकर मैं पूरी तरह से अचंभित हो जाती हूं। कूड़े-कचरे की तो बात ही छोड़िए; आपको वहां एक भी रैपर पड़ा हुआ नहीं मिलेगा। चीन में लोग सार्वजनिक स्थानों को साफ रखने के प्रति बेहद सतर्क रहते हैं। यहां तक कि छोटे से छोटे रैपर भी इधर-उधर नहीं पड़े रहते। वे उन्हें ढूंढ़कर उठाते हैं और कूड़ेदान में डाल देते हैं। क्योंकि यहां लोग नियमों का कड़ाई से पालन करते हैं और स्वच्छता के उच्च मानकों को बनाए रखते हैं, चाहे जगह कितनी भी भीड़भाड़ वाली क्यों न हो।'
लोगों के सिविक सेंस का बताया सफाई की वजह
महिला टूरिस्ट ने कहा कि, 'चीन और भारत में अंतर केवल सरकारी कार्रवाई में ही नहीं, बल्कि जन व्यवहार में भी है। सबसे पहले तो, चीन में लोग बिल्कुल भी कूड़ा नहीं फैलाते और कूड़ेदानों का सही इस्तेमाल करते हैं। इसके अलावा, यहां लोग लगातार सफाई करते रहते हैं। यहां लोग हर चीज को एकदम साफ रखते हैं।' वीडियो को इस कैप्शन के साथ साझा किया गया, 'हम कई चीजों के लिए सरकार को दोषी ठहराते हैं, लेकिन हम कितने जिम्मेदार हैं? नागरिक भावना ऐसी चीज है जिसे हर किसी को जानना और उसका पालन करना चाहिए। स्वच्छता केवल नीति नहीं है, यह व्यक्तिगत जिम्मेदारी है।'
यूजर्स ने दी प्रतिक्रिया
इस वीडियो को देखने के बाद एक यूजर ने लिखा कि, 'भारत को यही सीखने की जरूरत है। हम हर चीज के लिए सरकार को दोष नहीं दे सकते।' दूसरे ने लिखा कि, 'नागरिक सजगता की शिक्षा स्कूल से ही मिलनी चाहिए। स्वच्छ शहर जिम्मेदार लोगों से ही बनते हैं।' तीसर ने लिखा कि, 'जनसंख्या समस्या नहीं है, मानसिकता समस्या है। चीन इस बात का प्रमाण है कि अनुशासन से सब कुछ बदला जा सकता है।' तीसरे यूजर ने लिखा कि, 'हमें सख्त जुर्माने और साथ ही बेहतर जागरूकता की जरूरत है।'
डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया और रिपोर्ट्स में किए गए दावों पर आधारित है। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रमाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।
ये भी पढ़ें -
मोर कितने साल तक जिंदा रहता है, जवाब सुनकर दिमाग घूम जाएगा; यकीन नहीं होगा
भारत में अफ्रीकी यात्री ने सीख लीं वो 5 बातें, जिसे हर विदेशी टूरिस्ट को सीखना चाहिए; Video Viral