पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने केंद्र की मोदी सरकार पर एक बार फिर निशाना साधा। सीएम ममता ने कहा कि हम केंद्रीय जांच एजेंसियों के सामने सिर नहीं झुकाएंगे। इसके साथ ही साम्प्रदायिकता को लेकर उन्होंने कहा कि मैं धर्म के आधार पर किसी भी तरह की दुश्मनी के खिलाफ हूं। एनआरसी पर बोलते हुए ममता ने कहा कि असम में कई लोगों के नाम NRC की लिस्ट में नहीं आए। हम एनआरसी के खिलाफ बंगाल में प्रदर्शन कर रहे थे और मेरे खिलाफ इसे लेकर असम में एफआईआर दाखिल की गई। उन्होंने कहा कि मैंने बंगाल में एनआरसी नहीं होने दी और ना कभी होने दूंगी।
Related Stories
मैं I.N.D.I.A. के साथ हूं: ममता बनर्जी
ममता बनर्जी ने कहा कि देश में समुदायों के बीच नफरत पैदा करने के लिए पैसे बांटे जा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि बीजेपी बंगाल में टीएमसी के खिलाफ कांग्रेस और माकपा का इस्तेमाल करने की कोशिश कर रही है। पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए बनर्जी ने कहा, "मोदी जी छह महीने ही रहेंगे। उन्हें हटाने के लिए जो भी जरूरी होगा, हम करेंगे।'' ममता ने कहा, मैं I.N.D.I.A. के साथ हूं।
"बीजेपी हिंदू धर्म को बेचने की कोशिश कर रही"
सीएम ने कहा, "बीजेपी हिंदू धर्म को बेचने की कोशिश कर रही है। वे स्वामीजी से बड़े हिंदू नहीं हैं। बेलूर मठ में आप देखिए कि यहां अभी भी एक दरगाह है। रामकृष्ण ने सभी धर्मों को एक समान कहा है। सभी धर्मों का कुछ न कुछ योगदान है। मैं धर्म को नीचा नहीं दिखाती।" ममता ने कहा, "मैंने रमजान में इफ्तार पार्टी की, तो बीजेपी इसका मजाक उड़ाती है, मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता, मैं सभी धर्मों का सम्मान करती हूं।" उन्होंने कहा, "जब मैं आदिवासी मतुआ के साथ नृत्य करती हूं और जब मैं राजबंगशी नेता को माला पहनाती हूं, तो आप कुछ नहीं कहते हैं, लेकिन जब वे अल्पसंख्यकों को देखते हैं तो वे बर्दाश्त नहीं कर पाते हैं।"
अभिषेक बनर्जी को SC से नहीं मिली राहत
ममता बनर्जी के ये बयान तब आया जब आज 21 अगस्त को भर्ती अनियमितता मामले में सुप्रीम कोर्ट से उनके भतीजे और टीएमसी नेता अभिषेक बनर्जी को राहत नहीं मिली। मामले में कलकत्ता हाई कोर्ट ने अभिषेक बनर्जी को सीबीआई और ईडी की पूछताछ से अंतरिम राहत देने से इनकार कर दिया। हाई कोर्ट के फैसले को पश्चिम बंगाल सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। शीर्ष कोर्ट ने राज्य सरकार की याचिका पर विचार करने से इनकार कर दिया।