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ऑस्ट्रेलिया के मंत्री बोले अप्रवासियों की वजह से देश के रोजगार बाजार को खतरा

 Written By: India TV News Desk
 Published : May 18, 2016 05:28 pm IST,  Updated : May 18, 2016 05:28 pm IST

ऑस्ट्रेलिया मंत्री पीटर दत्तन ने बुधवार को कहा कि अशिक्षित अप्रवासियों को देश में आने की मंजूरी देने से सामाजिक सेवा तथा देश के रोजगार बाजार को खतरा होगा।

 पीटर दत्तन- India TV Hindi
पीटर दत्तन

केनबरा: ऑस्ट्रेलिया के आव्रजन मंत्री पीटर दत्तन ने बुधवार को कहा कि अशिक्षित अप्रवासियों को देश में आने की मंजूरी देने से सामाजिक सेवा तथा देश के रोजगार बाजार को खतरा होगा। देश की कंजर्वेटिव गठबंधन सरकार के सदस्य दत्तन ने यह टिप्पणी समाचार चैनल 'स्काई न्यूज' के साथ एक साक्षात्कार के दौरान की, जिसमें उन्होंने उस प्रस्ताव की आलोचना की, जिसमें ऑस्ट्रेलिया ने मानवीय सहायता के आधार पर शरणार्थियों की संख्या सालाना बढ़ाकर 50 हजार करने की मंजूरी दी है।

दत्तन ने कहा, "उन्हें उनकी भाषा में नहीं, बल्कि अंग्रेजी भाषा में सिखाया जाएगा। और ये लोग ऑस्ट्रेलिया में रोजगार पाएंगे, इसका सवाल ही पैदा नहीं होता।" मंत्री के मुताबिक, शरणार्थियों के आने से आवास, रोजगार, चिकित्सा सेवा व अस्पतालों में बिस्तरों सहित देश के 'सीमित संसाधनों' पर दबाव पड़ेगा। दत्तन के इस बयान से विपक्ष ने कोहराम मचा दिया है। लेबर पार्टी के नेता बिल शॉर्टेन ने दत्तन से अपनी टिप्पणी के लिए माफी मांगने की मांग की है।

शॉर्टेन ने कहा, "दत्तन ने यह टिप्पणी कर शरणार्थियों का न केवल अपमान किया है, बल्कि उन्होंने उन लाखों शरणार्थियों का भी अपमान किया है, जिन्होंने अपनी मेहनत के बल पर इस देश को महान बनाने में अपना योगदान दिया।" प्रधानमंत्री मॉल्कम टर्नबुल ने हालांकि दत्तन का बचाव करते हुए कहा, "जो कोई भी ऑस्ट्रेलिया आता है, हम चाहते हैं कि वह रोजगार ढूंढ़ने में सक्षम हो। हम यह आश्वस्त करना चाहते हैं कि इसके लिए उन्होंने वह कौशल प्राप्त कर लिया होगा।"

ऑस्ट्रेलिया सरकार की वर्तमान मानवीय सहायता कार्यक्रम की योजना के तहत बीते साल 13,750 शरणार्थी, इस साल 16,250 शरणार्थी तथा साल 2018 में यह संख्या बढ़ाकर 18,750 करने की मंजूरी जताई थी। ऑस्ट्रेलिया की आव्रजन नीति बेहद सख्त है, खासकर तब जब शरणार्थी समुद्र के रास्ते नौकाओं के सहारे अवैध रूप से देश में घुसने का प्रयास करते हैं। ऐसे में उन्हें हिरासत में लिया जा सकता है या यूरोपीय संघ से बाहर के किसी देश में भेजा सकता है।

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