1. Hindi News
  2. विदेश
  3. अन्य देश
  4. दुनियाभर के 16 देशों की महिला विदेश मंत्रियों ने तालिबान पर बनाया दबाव- 'अफगान लड़कियों को पढ़ने की इजाजत दे तालिबान सरकार'

दुनियाभर के 16 देशों की महिला विदेश मंत्रियों ने तालिबान पर बनाया दबाव- 'अफगान लड़कियों को पढ़ने की इजाजत दे तालिबान सरकार'

 Edited By: IndiaTV Hindi Desk
 Published : Mar 26, 2022 11:33 am IST,  Updated : Mar 26, 2022 11:33 am IST

अफगानिस्तान में तालिबानी शासकों ने बुधवार को अप्रत्याशित रूप से छठी से ऊपर की कक्षाओं को लड़कियों के लिए दोबारा खोलने से इनकार कर दिया था। जिसके बाद  दुनियाभर के 16 देशों की महिला विदेश मंत्रियों ने शुक्रवार को कहा- 'यह फैसला खासतौर पर परेशान करने वाला है क्योंकि हम सभी बच्चों के लिए सभी स्कूल खोलने की प्रतिबद्धता के बारे में बार-बार सुन रहे थे।' 

'Taliban government should allow Afghan girls to study'- India TV Hindi
'Taliban government should allow Afghan girls to study' Image Source : FILE

Highlights

  • 16 देशों की महिला विदेश मंत्रियों ने तालिबान पर बनाया दबाव
  • 'अफगान लड़कियों को पढ़ने की इजाजत दे तालिबान सरकार'
  • तालिबान ने छठी से ऊपर क्लास की लड़कियों को पढ़ने से रोका

बर्लिन: दुनियाभर के 16 देशों की महिला विदेश मंत्रियों ने शुक्रवार को कहा कि वे अफगान लड़कियों को माध्यमिक विद्यालयों में पढ़ने की अनुमति नहीं दिए जाने को लेकर बहुत निराश हैं और उन्होंने तालिबान से अपने इस फैसले को पलटने की अपील की। दुनिया के 10 देशों के राजनयिकों ने भी संयुक्त राष्ट्र में इसी प्रकार का संदेश दिया। उल्लेखनीय है कि अफगानिस्तान में तालिबानी शासकों ने बुधवार को अप्रत्याशित रूप से छठी से ऊपर की कक्षाओं को लड़कियों के लिए दोबारा खोलने से इनकार कर दिया था। 

'परेशान करने वाला है फैसला'

अल्बानिया, अंडोरा, ऑस्ट्रेलिया, बेल्जियम, बोस्निया, कनाडा, एस्टोनिया, जर्मनी, आइसलैंड, कोसोवो, मालावी, मंगोलिया, न्यूजीलैंड, स्वीडन, टोंगो और ब्रिटेन की विदेश मंत्रियों ने कहा, 'महिला और विदेश मंत्री होने के नाते हम इस बात से निराश और चिंतित हैं कि अफगानिस्तान में लड़कियों को माध्यमिक स्कूलों तक पहुंचने से इनकार किया गया है।' विदेश मंत्रियों ने कहा कि यह फैसला, 'खासतौर पर परेशान करने वाला है क्योंकि हम सभी बच्चों के लिए सभी स्कूल खोलने की प्रतिबद्धता के बारे में बार-बार सुन रहे थे।'

तालिबान से फैसला बदलने की अपील

उन्होंने कहा, 'हम तालिबान से हाल में लिया गया फैसला पलटने और देश के सभी प्रांतों में हर स्तर पर शिक्षा में समान अवसर देने की अपील करते हैं।' न्यूयॉर्क स्थित संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में सुरक्षा परिषद ने इस मामले पर बंद कमरे में चर्चा की। इसके शुरू होने से पहले अल्बानिया, ब्रिटेन, ब्राजील, फ्रांस, गैबॉन, आयरलैंड, मैक्सिको, नॉर्वे, अमेरिका और संयुक्त अरब अमीरात के राजदूत तालिबान के फैसले का विरोध करने के लिए एक साथ खड़े हुए। परिषद की वर्तमान अध्यक्ष एवं संयुक्त अरब अमीरात की राजदूत लाना नुसीबेह ने एक संयुक्त बयान को पढ़ते हुए कहा, 'यह बहुत चिंतित करने वाला कदम है।' इनपुट- भाषा

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Around the world से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश