1. Hindi News
  2. हेल्थ
  3. क्या बारिश के मौसम में दही नहीं खानी चाहिए?

क्या बारिश के मौसम में दही नहीं खानी चाहिए?

 Written By: Bharti Singh @bhartinisheeth
 Published : Jul 04, 2026 06:30 am IST,  Updated : Jul 04, 2026 06:30 am IST

अक्सर मौसम के हिसाब से खाने-पीने में लोग काफी बदलाव करते हैं। कुछ लोग कहते हैं कि बारिश के दिनों में दही का सेवन नहीं करना चाहिए। मानसून में दही में बैक्टीरिया बढ़ जाते हैं और इससे गैस ज्यादा बनती है। आइये जानते हैं क्या है सच्चाई।

मानसून में दही- India TV Hindi
मानसून में दही Image Source : INDIA TV

 

आयुर्वेद में ऋतु अनुसार खाने की सलाह दी जाती है। आयुर्वेद के अनुसार चरकसंहिता में बताया गया है कि दही को तीन ऋतुओं में नहीं खाना चाहिए। शरद्ग्रीष्मवसन्तेषु प्रायशो दधि गर्हितम्। अर्थात् शरद् यानि सितंबर-अक्टूबर, ग्रीष्म और बसंत यानि मार्च, अप्रैल, मई, जून में भी दही खाना निषेध बताया गया है। दही की तासीर गरम होती है, पर जब आप इसका मठ्ठा बनाकर पीते है या इसमें पानी मिलाकर पीते है तो यह आपके पेट को अंदर से ठंडा रखता है। दही को पतला करके खाने से एसिडिटी नहीं होती और डिहाइड्रेशन दूर होता है। इसलिए इसका सेवन गर्मियों में लाभदायक माना जाता है। लेकिन मानसून के मौसम में दही क्यों हानिकारक बन जाता है। आयुर्वेद क्या कहता है आइये डॉक्टर चंचल शर्मा से जानते हैं। मानसून में दही खानी चाहिए या नहीं?

क्या बारिश के मौसम में दही नहीं खानी चाहिए?

आशा आयुर्वेदा की डॉक्टर चंचल शर्मा ने बताया कि मॉनसून के दौरान हमारी पाचन शक्ति कम हो जाती है। इसका मतलब है कि बहुत ज़्यादा ठंडा और भारी दही खाने से गैस और कफ बढ़ने जैसी समस्याएं हो सकती हैं। दही की प्रकृति अम्लीय होती है और सादा दही का सेवन आपके खून को भी दूषित कर सकता है। अगर आप रात में दही खाते है तो अभी रुक जाइए, क्योंकि रात में दही खाने से बलगम बन सकता है और गले में खराश हो सकती है।

दही खाने के फायदे

  • दही हमारे पाचन तंत्र को मजबूत बनाती है 
  • दही खाने से इम्यून सिस्टम बेहतर होता है
  • दही से हड्डियों को भी स्वस्थ रख जाता है
  • वजन को नियंत्रित रखने में भी दही मदद करती है

मानसून में दही सेवन के नुकसान

अगर आप मानसून के मौसम में दही खा रहे हैं, तो इसे सीमित मात्रा में और सही तरीके से खाएं। आयुर्वेदिक सिद्धांतों के अनुसार, गर्मी और मानसून के मौसम में दही में मीठा मिलाकर खाना चाहिए। इस तरह इसकी तासीर बहुत गर्म नहीं होगी और इससे शरीर को कोई नुकसान नहीं होगा। बरसातों में ज्यादा दही खाने से पेट से जुड़ी कई समस्याएं हो सकती हैं, जैसे- 

दही की तासीर एसिडिक होना, त्वचा से जुड़ी कुछ समस्याएं होने का खतरा, पाचन क्रिया की कमजोरी। 

मानसून में दही खाने का सही तरीका 

आयुर्वेद में दही को देर से पचने वाला आहार माना जाता है, लेकिन इसे दूसरी चीजों के साथ मिलाकर खाएं तो नुकसान कम होगा। दही में थोड़ा सा भुना जीरा पाउडर और काला नमक डालकर खाएं। इससे पाचन बेहतर होता है। घी, चीनी या आंवला जैसी चीजों के साथ खाना सेहत के लिए फायदेमंद होता है। फ्रिज से निकालते ही न खाएं। इसे सामान्य तापमान पर आने के बाद खाएं। बारिश के मौसम में शरीर का मेटाबॉलिज्म धीमा हो जाता है और पाचन शक्ति कम हो जाती है। इससे दही देर से पचती है और इसका सेवन करने से अपच की समस्या हो सकती है। लोगों को बरसात में हल्का खाना खाना चाहिए, जो आसानी से पच जाए। जो लोग अपच की समस्या से जूझ रहे हैं, उन्हें दही से दूरी बना लेनी चाहिए।

Disclaimer: (इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।)

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। हेल्थ से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।