नई दिल्ली: गुरुवार को तीन दिन की भारत यात्रा पर आए थाईलैंड के प्रधानमंत्री प्रयुत चान-ओ-चा ने शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। प्रधानमंत्री ने प्रयुत चान-ओ-चा के साथ हैदराबाद हाउस में मुलाकात की। आपसी साझेदारी को मजबूत करने के लिए दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडल ने आज बात की। प्रधानमंत्री ने अपने प्रेस वक्तव्य में कहा कि थाइलैंड से हमारा गहरा नाता भगवान राम और बुद्ध के समय से हैं। गौरतलब है कि प्रयुत चान-ओ-चा की भारत यात्रा का उद्देश्य व्यापार एवं निवेश, रक्षा, सुरक्षा और पर्यटन के क्षेत्र में द्विपक्षीय सहयोग प्रगाढ़ करना है।
भारत एवं थाईलैंड ने आज अर्थव्यवस्था, आतंकवाद से निबटने, साइबर सुरक्षा एवं मानव तस्करी से निबटने में सहयोग बढ़ाने का निर्णय किया। साथ ही दोनों देश ने रक्षा एवं समुद्री सुरक्षा क्षेत्र में नजदीकी संबंध कायम करने की हामी भरी। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और भारत यात्रा पर आये उनके थाई समकक्ष जनरल प्रयुत चान ओ छा के बीच हुई व्यापक वार्ता के बाद इस आश्य की घोषणा की गई। नेताओं ने कहा कि संतुलित समग्र आर्थिक एवं भागीदारी समझौते को शीघ्र सम्पन्न करना एक साझा प्राथमिकता है।
मोदी ने कहा कि दोनों देशों ने भारत-म्यामां-थाईलैंड त्रिपक्षीय राजमार्ग तथा भारत, म्यामां और थाईलैंड के बीच मोटर वाहन समझौते पर जल्द हस्ताक्षर को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने पर बल दिया है। दोनों पक्षों के बीच शिष्टमंडल स्तर की वार्ता हुई, जिसमें सेना प्रमुख दलबीर सिंह सुहाग भी मौजूद थे। इसके बाद 2016..2019 के लिए सांस्कृतिक आदान प्रदान संबंधी अधिकारियों के कार्यक्रम तथा नगालैंड विश्वविद्यालय एवं थाईलैंड के चियांग माई विश्वविद्यालय के बीच सहमति पत्र सहित दो समझौतों पर हस्ताक्षर किये गये।
मोदी ने थाईलैंड से पर्यटकों को भारत के पर्यटन स्थलों और विशेष रूप से बौद्ध स्थलों के प्रति आकर्षित करने के लिए, जल्द ही थाई नागरिकों को दोहरे प्रवेश वाले ई-पर्यटक वीजा की सुविधा देने का ऐलान किया।