ग्वालियर: राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) ने शुक्रवार को प्रस्ताव पारित कर एयरफोर्स द्वारा पाकिस्तान में आतंकी ठिकानों पर हमले को लेकर उसका अभिनंदन किया और सरकार के इस निर्णय की सराहना भी की। आरएसएस के सह सरकार्यवाह डॉ. मनमोहन वैद्य ने पत्रकार वार्ता में बताया कि आरएसएस की अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा की तीन दिवसीय बैठक शुक्रवार से यहां शुरु हो गई। बैठक में हाल ही में एयरफोर्स द्वारा पाकिस्तान में आंतकी ठिकानों पर हमले को लेकर उसका अभिनंदन प्रस्ताव पास किया गया और सरकार के इस निर्णय की सराहना भी की गई।
Related Stories
बैठक में कहा गया कि ऐसे देश विरोधी तत्वों से निपटने में सरकार ने सही निर्णय़ लिया है और देश के लोगों को भी ऐसे तत्वों से सावधान रहना चाहिए। वैद्य ने बताया कि इसके पहले पुलवामा सहित जिन आतंकी घटनाओं में सैन्य बलों के जवानों की मृत्यु हुई है, प्रतिनिधि सभा की बैठक में उन पर दुख प्रकट किया गया और कहा गया कि भारत की सहिष्णुता को कमजोरी नहीं समझा जाना चाहिए।
उन्होंने बताया कि इस बैठक में मुख्य रूप से शबरीमंला मंदिर के मुद्दे पर चर्चा होगी। सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के बाद केरल सरकार हिंदुओं की आस्था पर ज्यादती कर रही है। केरल सरकार ने न्यायालय की भावना के विपरीत काम किया है और जो महिलाएं हिंदू नहीं है, उनकों जबरन मंदिर में प्रवेश कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बैठक में देश के वर्तमान हालात पर भी चर्चा हो रही है।
राम मंदिर के बारे में संघ ने कहा है कि जो भी पक्ष राम मंदिर से जुड़े हुए हैं, वे अपनी बात सुप्रीम कोर्ट में रख रहे हैं और न्याय व्यवस्था पर पूरा विश्वास है। उम्मीद है कि इसकी बाधाएं दूर होंगी और राम मंदिर का निर्माण होगा। चुनाव के संदर्भ में डॉ. वैद्य ने बताया कि अलग से इस बैठक में कोई चर्चा नहीं हो रही है, लेकिन संघ का मानना है कि ज्यादा से ज्यादा लोगों को मतदान करना चाहिए।
उन्होंने बताया कि तीन दिन तक चलने वाली इस बैठक में देश के राजनीतिक और सामाजिक परिदृश्य पर प्रस्ताव रखे जाएंगे। इसमें मुख्य रूप से संघ प्रमुख मोहन भागवत, सरकार्यवाह भैय्याजी जोशी के साथ संघ के सभी संगठनों के 1400 प्रतिनिधि हिस्सा ले रहे हैं।
डॉ. वैद्य ने बताया कि बैठक में सामाजिक समसरता के साथ पर्यावरण संरक्षण पर भी चर्चा होगी। पानी, बचाने, प्लास्टिक का उपयोग कम से कम करने औऱ पौधरोपण को लेकर संघ के कार्यकर्ता अपने अनुभव और आयडिया सामने रखेंगे।
डॉ. वैद्य ने बताया कि तीन दिन तक चलने वाली इस बैठक में संघ से जुड़े 35 संगठनों के कार्यकर्ता अपनी बात संघ प्रमुख के सामने रखेंगे। इसके साथ अगले वर्ष संघ के कामकाज का एजेंडा भी बैठक में तय होगा।