1. Hindi News
  2. झारखण्ड
  3. झारखंड चुनाव से पहले बीजेपी में शामिल हुए निर्दलीय विधायक अमित यादव, जेपी वर्मा भी पार्टी में लौटे

झारखंड चुनाव से पहले बीजेपी में शामिल हुए निर्दलीय विधायक अमित यादव, जेपी वर्मा भी पार्टी में लौटे

 Published : Sep 14, 2024 10:56 pm IST,  Updated : Sep 14, 2024 10:59 pm IST

निर्दलीय विधायक अमित यादव ने कहा कि 2019 में जब मुझे पार्टी से टिकट नहीं मिला, तो मैंने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ने का फैसला किया। मुझे कई पार्टियों की ओर से पेशकश की गई, लेकिन मैं किसी में शामिल नहीं हुआ।

 निर्दलीय विधायक अमित यादव भाजपा में लौटे- India TV Hindi
निर्दलीय विधायक अमित यादव भाजपा में लौटे Image Source : X@BJP4JHARKHAND

रांचीः झारखंड विधानसभा चुनाव से पहले निर्दलीय विधायक अमित कुमार यादव और पूर्व विधायक जय प्रकाश वर्मा शनिवार को फिर से भाजपा में शामिल हो गये।बरकट्ठा विधायक यादव और वर्मा को झारखंड भाजपा अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने यहां मुख्यालय में एक कार्यक्रम में पार्टी की सदस्यता दिलाई। कार्यक्रम में भाजपा के झारखंड प्रभारी लक्ष्मीकांत बाजपेयी उपस्थित थे। 42 वर्षीय अमित यादव ने 2019 के विधानसभा चुनावों में भाजपा के जानकी प्रसाद यादव को 24,812 मतों के अंतर से हराकर बरकट्ठा विधानसभा सीट जीती थी। उन्होंने 2009 से 2014 तक भाजपा के टिकट पर बरकट्ठा निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया लेकिन 2014 के विधानसभा चुनाव में वह सीट हार गए।

अमित यादव ने कहा कि 2019 में जब मुझे पार्टी से टिकट नहीं मिला, तो मैंने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ने का फैसला किया। मुझे कई पार्टियों की ओर से पेशकश की गई, लेकिन मैं किसी में शामिल नहीं हुआ। निर्दलीय विधायक होने के बावजूद मैं भाजपा के लिए काम करता रहा। आज मैं औपचारिक रूप से फिर से पार्टी में शामिल हो गया। वर्मा भी पहले भाजपा में थे। उन्होंने 2014 में गांडेय सीट से विधानसभा चुनाव जीता था। लेकिन 2019 में वह झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के सरफराज अहमद के हाथों इस सीट पर चुनाव हार गए। बाद में वह झामुमो में शामिल हो गए।

विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ ने वर्मा को 2024 के लोकसभा चुनाव में कोडरमा सीट से कथित रूप से टिकट नहीं दिया। इसके बाद उन्होंने निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ा, जिसके फलस्वरूप उन्हें झामुमो से निकाल दिया गया। वर्मा ने कहा, ‘‘मैं 18 महीने बाद अपनी मूल पार्टी में लौट आया। पिछला डेढ़ साल मेरे लिए काला अध्याय था। मैं झारखंड में पार्टी को मजबूत करने का काम करूंगा।

बाबूलाल मरांडी ने कहा कि दोनों वापसी से संगठन मजबूत होगा। उन्होंने कहा, ‘‘लोग पार्टी में शामिल हो रहे हैं, क्योंकि उन्होंने पाया है कि पिछले पांच वर्षों में झामुमो के नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार के शासन में राज्य में कोई काम नहीं हुआ है। भ्रष्टाचार चरम पर पहुंच गया है, कानून-व्यवस्था बिगड़ गई है और मौजूदा सरकार अपने वादों को पूरा करने में विफल रही है। राज्य के लोगों ने आगामी चुनाव में झामुमो को सत्ता से बेदखल करने का फैसला किया है।

इनपुट- भाषा

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। झारखण्ड से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।