बारिश आते ही हेयरफॉल की समस्या बढ़ जाती है। हाथ लगाते ही बाल टूटने लगते हैं। ह्यूमिडिटी की वजह से बाल झाड़ू जैसे रूखे और बेजान हो जाते हैं। शैंपू करने के बाद बाल इतने फ्रीजी हो जाते हैं कि कितने भी प्रोडक्ट इस्तेमाल कर लें, बाल वैसे ही फूले के फूले बने रहते हैं। फ्रीजी बालों में सारी स्टाइलिंग बेकार हो जाती है। दरअसल बारिश के कारण हवा में नमी बहुत ज्यादा होती है। ये नमी बालों के अंदर जाकर उन्हें फुला देती है। इससे हेयर क्यूटिकल्स अपनी जगह से हट जाते हैं और बालों को मैनेज करना मुश्किल हो जाता है। अगर आप भी इस समस्या से परेशान हैं तो अपने हेयर केयर रूटीन में कुछ बदलाव करके राहत पा सकते हैं।
बारिश में फ्रीजी बाल क्यों होते हैं?
बालों में पोर्स होते हैं जो नमी को सोख लेते हैं। जब हवा में ह्यूमिडिटी यानि नमी बहुच ज्यादा होती है तो हमारे बाल वातावरण में मौजूद नमी को सोखना शुरू कर देते हैं। जब बाल बहुत सूखे या डैमेज होने लगते हैं तो वो नमी ज्यादा सोखते हैं और फूल जाते हैं। ऐसे फूले बाल रूखे और बिखरे हुए नजर आते हैं। ऐसा मानसून के दिनों में ज्यादा होता है।
फ्रीजी बालों को कैसे ठीक करें?
सही शैंपू का इस्तेमाल- बालों को धोते वक्त सही शैंपू का इस्तेमाल करें। स्कैल्प को साफ रखें और पसीना आने पर बालों को धो लें। बारिश का पानी स्कैल्प का pH बैलेंस खराब कर सकता है। इससे बाल कमजोर होकर टूटने लगते हैं। बालों के लिए सल्फेट-फ्री शैम्पू का इस्तेमाल करें और कंडीशनर लगाना न भूलें। इससे बालों की नमी लॉक होती हैं और बाल कम फ्रीजी होते हैं।
बालों को ऐसे सुखाएं- कुछ लोगों बालों को सुखाने के लिए ड्रायर का इस्तेमाल करते हैं। इस मौसम में ज्यादा हीट का उपयोग करने से बचें। बालों को तौलिया से भी ज्यादा कसकर और रगड़ते हुए पोंछने की गलती न करें। ज्यादा घर्षण के बाल उलझते हैं और अधिक टूटते हैं। इसके लिए माइक्रोफाइबर टॉवल का इस्तेमाल करें या किसी पुरानी टी-शर्ट का उपयोग करें। गीले बालों को कंघी न करें, इससे बाल ज्यादा टूटते हैं।
बालों को टूटने से बचाएं- इसके लिए बालों के ऊपर एक प्रोटेक्शन लेयर बनाकर रखें। बाहर निकलते वक्त बालों को नमी से बचाने के लिए लाइट एंटी-फ्रीज सीरम का इस्तेमाल करें। आप लीव-इन कंडीशनर का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके अलावा किसी हल्के हेयर ऑयल का इस्तेमाल कर सकते हैं। बालों पर सीरम लगाना भी इस मौसम में अच्छा होता है।