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Food production: रोटी पर महंगाई का साया, गेहूं का उत्पादन में बड़ी गिरावट की आशंका

 Edited By: Alok Kumar @alocksone
 Published : Aug 17, 2022 04:55 pm IST,  Updated : Aug 17, 2022 04:55 pm IST

Food production: तिलहन का उत्पादन पिछले वर्ष के तीन करोड़ 59.4 लाख टन के मुकाबले फसल वर्ष 2021-22 में रिकॉर्ड तीन करोड़ 76.9 लाख टन होने का अनुमान है।

Wheat production - India TV Hindi
Wheat production Image Source : FILE

Food production: भारत का गेहूं उत्पादन 2021-22 के फसल वर्ष में लगभग तीन प्रतिशत घटकर 10 करोड़ 68.4 लाख टन रहने का अनुमान है। इससे आम आदमी पर महंगाई की मार पड़ेगी। दरअसल, गेहूं का उत्पादन घटने से आटा खरीदना और महंगा हो सकता है। वहीं कुल खाद्यान्न उत्पादन के 31 करोड़ 57.2 लाख टन के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचने का अनुमान है। ‘लू’ के कारण गेहूं के उत्पादन में गिरावट का अनुमान है, जिसके परिणामस्वरूप पंजाब और हरियाणा जैसे उत्तरी राज्यों में अनाज खराब हो गया है।

इन फसलों का रिकॉर्ड उत्पादन होने का अनुमान

केंद्रीय कृषि मंत्रालय ने फसल वर्ष 2021-22 के लिए चौथा अग्रिम अनुमान जारी करते हुए बुधवार को कहा कि चावल, मक्का, चना, दलहन, रैपसीड एवं सरसों, तिलहन और गन्ने का भी रिकॉर्ड उत्पादन होने का अनुमान है। फसल वर्ष 2021-22 जुलाई, 2021 से जून, 2022 तक था। मंत्रालय के अनुसार, जून, 2022 में समाप्त फसल वर्ष में देश का कुल खाद्यान्न उत्पादन रिकॉर्ड 31 करोड़ 57.2 लाख टन होने का अनुमान है। कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि इतनी फसलों का रिकॉर्ड उत्पादन सरकार की किसान हितैषी नीतियों के साथ-साथ कृषकों और वैज्ञानिकों की अथक मेहनत का नतीजा है। फसल वर्ष 2020-21 में देश का खाद्यान्न उत्पादन जिसमें (गेहूं, चावल, दालें और मोटे अनाज) रिकॉर्ड 31 करोड़ 7.4 लाख टन रहा था। आंकड़ों के अनुसार, फसल वर्ष 2021-22 में गेहूं का उत्पादन कम यानी 10 करोड़ 68.4 लाख टन रहने का अनुमान है, जो पिछले वर्ष 10 करोड़ 95.9 लाख टन था। हालांकि, समीक्षाधीन फसल वर्ष में चावल का उत्पादन रिकॉर्ड 13 करोड़ 2.9 लाख टन होने का अनुमान है, जो एक साल पहले की समान अवधि में 12 करोड़ 43.7 लाख टन रहा था। मंत्रालय ने कहा कि मोटे अनाज का उत्पादन पांच करोड़ 13.2 लाख टन से घटकर पांच करोड़ नौ लाख टन रहने की संभावना है। दलहन उत्पादन फसल वर्ष 2020-21 के दो करोड़ 54.6 लाख टन की तुलना में रिकॉर्ड दो करोड़ 76.9 लाख टन होने का अनुमान है। गैर-खाद्यान्न श्रेणी में, तिलहन का उत्पादन पिछले वर्ष के तीन करोड़ 59.4 लाख टन के मुकाबले फसल वर्ष 2021-22 में रिकॉर्ड तीन करोड़ 76.9 लाख टन होने का अनुमान है।

कपास का उत्पादन भी घटने का अनुमान

फसल वर्ष 2021-22 के लिए तोरी/सरसों का उत्पादन रिकॉर्ड एक करोड़ 77.4 लाख टन होने का अनुमान है। आंकड़ों के अनुसार, गन्ने का उत्पादन पिछले वर्ष के 40 करोड़ 53.9 लाख टन की तुलना में रिकॉर्ड 43 करोड़ 18 लाख टन होने का अनुमान है, जबकि कपास का उत्पादन तीन करोड़ 52.4 लाख गांठ से घटकर 3.12 करोड़ गांठ (प्रत्येक 170 किलोग्राम) रहने की उम्मीद है। फसल वर्ष 2021-22 में जूट/मेस्टा का उत्पादन एक करोड़ 3.1 लाख गांठ (180 किलोग्राम प्रत्येक) होने का अनुमान है, जबकि पिछले वर्ष यह 93.5 लाख गांठ ही का हुआ था। एक फसल वर्ष में, सरकार फसल वृद्धि और कटाई अवधि के विभिन्न चरणों में अंतिम अनुमान से पहले चार अनुमान जारी करती है।

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