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राजस्थान वैक्सीनेशन: मंत्री ने उठाए सवाल, खर्च राज्य का फिर लाभार्थी के सर्टिफिकेट पर पीएम की फोटो क्यों?

 Reported By: Manish Bhattacharya
 Published : May 05, 2021 03:03 pm IST,  Updated : May 05, 2021 03:21 pm IST

राज्य में 18 वर्ष से ज्यादा उम्र वालों के लिए हो रहे वैक्सीनेशन पर राज्य के स्वास्थ्य मंत्री ने रघु शर्मा ने लाभार्थियों को मिलने वाले सर्टिफिकेट को लेकर सवाल उठाया है।

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राजस्थान वैक्सीनेशन: मंत्री ने उठाए सवाल, खर्च राज्य का फिर लाभार्थी के सर्टिफिकेट पर पीएम की फोटो क्यों? Image Source : INDIA TV

जयपुर: कोरोना वैक्सीनेशन को लेकर आए दिन कोई न कोई खबर सुर्खियां बन रही हैं। कभी वैक्सीन की कमी, कभी वैक्सीन की चोरी तो कभी राज्य और केंद्र के बीच विवाद। ताजा मामला राजस्थान में हो रहे वैक्सीनेशन से जुड़ा है। राज्य में 18 वर्ष से ज्यादा उम्र वालों के लिए हो रहे वैक्सीनेशन पर राज्य के स्वास्थ्य मंत्री ने रघु शर्मा ने लाभार्थियों को मिलने वाले सर्टिफिकेट को लेकर सवाल उठाया है। उन्होंने कहा है कि वैक्सीन लगने के बाद लाभार्थी को मिलने वाले सर्टिफिकेट पर पीएम की फोटो क्यों? उनका कहना है कि जब वैक्सीनेशन के इस तीसरे चरण में सारा खर्च राज्य सरकार उठा रही है तो फिर सर्टिफिकेट पर सीएम की फोटो क्यों नहीं, पीएम की फोटो क्यों?

रघु शर्मा ने कहा कि वैक्सीनेशन का खर्चा राज्य के माथे पर है तो कम से कम अपनी फोटो तो पीएम को सर्टिफिकेट में नहीं आने देना चाहिए। ये किस तरह की पॉलिटिक्स है,ये अच्छी बात नहीं है। उन्होंने कहा कि 18 से 44 वर्ष के लाभार्थियों को हो रहे वैक्सीनेशन में मिलने वाले सर्टिफिकेट पर राज्य के मुख्यमंत्री की हो फ़ोटो,ये भारत सरकार सुनिश्चित करे।

कोरोना प्रोटोकाल का सख्ती से पालन करें लोग : गहलोत 

राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने लोगों से कहा कि वह कोरोना प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करेंगे तभी कोरोना संक्रमण की कड़ी टूटेगी और संक्रमितों की बढ़ती संख्या पर विराम लगेगा। गहलोत ने ट्वीट किया, 'संक्रमितों की चेन तोड़ना आमजन द्वारा कोरोना प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करने से ही सम्भव होगा जिससे अविलम्ब संख्या में ब्रेक लगेगा अन्यथा स्थिति और भयावह बन सकती है।' उन्होंने कहा कि जब कोरोना की पहली लहर आई थी, तब आक्सीजन बेड, आईसीयू और वेंटिलेटर खाली पडे़ थे लेकिन यह दूसरी लहर बेहद खतरनाक है, जिसमें अधिकांश लोगों को ऑक्सीजन, आईसीयू और वेंटिलेटर की आवश्यकता पड़ रही है।

गहलोत के अनुसार राष्ट्रीय व विश्वस्तर पर अन्तराष्ट्रीय विशेषज्ञ कह रहे हैं कि सरकारें कितनी ही सुविधाएं बढ़ा लें, कोरोना की रफ्तार चार गुना है। मरीजों के लिए ऑक्सीजन एवं दवाईयों की कमी बनी रहेगी। उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार ने लॉकडाउन की अवधि एक पखवाड़े के लिए बढ़ा दी है और सोमवार से राज्य में 'रेड अलर्ट जन अनुशासन पखवाड़ा' शुरू हुआ।

इनपुट-भाषा

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