Surya Gochar in Meen Rashi: 14 मार्च को देर रात 1 बजकर 1 मिनट पर सूर्य देव मीन राशि में प्रवेश करेंगे। 14 अप्रैल की सुबह 9 बजकर 31 मिनट तक सूर्य मीन राशि में ही गोचर करते रहेंगे, उसके बाद मेष राशि में प्रवेश कर जाएंगे। भारतीय ज्योतिष में सूर्य देव को आत्मा का कारक और सकारात्मकता का प्रतीक माना गया है। यह भचक्र की पांचवीं राशि सिंह के स्वामी है। इनकी दिशा पूर्व है और जाति क्षत्रिय है। सूर्य पिता का प्रतिधिनित्व करते है साथ ही शरीर में पेट, आंख, ह्रदय और चेहरा काप्रतिधिनित्व करते है। सूर्य अगर मजबूत हो तो हमें मान-सम्मान, सुख-समृद्धि मिलती है, साथ ही पिता का संग और सहयोग मिलता है। तो आइए जानते हैं कि सूर्य देव के मीन राशि में गोचर से 14 अप्रैल तक विभिन्न राशि वाले लोगों पर क्या असर होगा। सा ही जानेंगे कि सूर्य देव आपके जन्मपत्रिका के किस स्थान पर गोचर करेंगे और उस स्थिति में शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए और अशुभ फलों से बचने के लिए आपको क्या उपाय करने चाहिए।
मेष राशि
सूर्य आपके बारहवें घर में प्रवेश करेगा। जन्मपत्रिका का बारहवां घर शैय्या सुख से संबंध रखता है। लिहाजा सूर्य के इस गोचर से आपको शैय्या सुख मिलेगा। आपका गृहस्थ जीवन सुखी होगा और धर्म में आपकी रुचि बढ़ेगी। साथ ही आपके किसी न किसी कार्य में पैसे खर्च होते रहेंगे। दस्तकारी या मशीन संबंधी कार्य करने वालों को इस दौरान ज्यादा संभलकर पैसा खर्च करने की जरूरत है। लिहाजा सूर्य के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए धार्मिक कार्यों में आर्थिक या शारीरिक रूप से अपना सहयोग देते रहें।
वृष राशि
सूर्य आपके ग्यारहवें घर में गोचर करेगा। जन्मपत्रिका के ग्यारहवें स्थान का संबंध हमारे आय तथा इच्छाओं की पूर्ति से होता है। सूर्य के इस गोचर से आपकी आमदनी में बढ़ोतरी होगी। साथ ही आपकी इच्छाओं की पूर्ति होगी और आपको उत्तम फलों की प्राप्ति होगी। अतः सूर्य के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए रविवार के दिन रात को अपने सिरहाने पर 5 मूली रखकर सोएं और सुबह उठकर किसी मंदिर या धर्मस्थल पर दान कर दें।
मिथुन राशि
सूर्य आपके दसवें स्थान पर गोचर करेगा, जन्मपत्रिका में इस स्थान का संबंध आपके करियर और पिता से है। सूर्य देव के इस गोचर के प्रभाव से आपको करियर में नई कामयाबी मिलेगी। काम के प्रति आपकी मेहनत सफल होगी। साथ ही आपके पिता की बेहतरी सुनिश्चित होगी और पिता के साथ आपके रिश्ते अच्छे होंगे। लिहाजा सूर्य के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए अगले 30 दिनों तक काले या नीले रंग के कपड़े पहनने से बचें।
कर्क राशि
सूर्य आपके नवें घर में गोचर करेगा। जन्मपत्रिका में इस स्थान का संबंध आपके भाग्य से है। सूर्य के इस गोचर से आपको भाग्य का पूरा सहयोग मिलेगा और आपकी सेहत भी अच्छी रहेगी। हालांकि इस दौरान भाईयों से आपको अधिक सहयोग नहीं मिल पायेगा। अतः सूर्य के अशुभ फलों से बचने के लिए घर में पीतल के बर्तनों का इस्तेमाल करें।
सिंह राशि
सूर्य आपके आठवें स्थान पर गोचर करेगा। जन्मपत्रिका का आठवां स्थान स्वास्थ्य से संबंध रखता है। सूर्य के इस गोचर से आपको आने वाले 30 दिनों तक अपनी सेहत का ख्याल रखने की जरूरत है। साथ ही अपने कार्यों को पूरा करने के लिए आपको धैर्य बनाये रखना चाहिए और गुस्सा अवॉयड करना चाहिए। अतः सूर्य के अशुभ फलों से बचने के लिए और शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए बड़े भाई या बड़े भाई जैसे किसी और को, जब भी आपकी जरूरत पड़े, तो उनकी मदद जरूर करें।
कन्या राशि
सूर्य आपके सातवें स्थान पर गोचर करेगा। जन्मपत्रिका में सातवें स्थान का संबंध जीवनसाथी से होता है। अतः सूर्य के इस गोचर से आपको जीवनसाथी से पूरा सहयोग मिलेगा। साथ ही आपके जीवनसाथी की तरक्की सुनिश्चित होगी। अतः सूर्य के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए खाना खाते समय अपने भोजन में से रोटी का एक हिस्सा निकालकर ऑफिस या स्कूल कॉलेज में अपने किसी सहयोगी को खिलाएं।
तुला राशि
सूर्य आपके छठे स्थान पर गोचर करेगा। जन्मपत्रिका के छठे स्थान का संबंध हमारे मित्र, शत्रु तथा स्वास्थ्य से है। अतः आने वाले दिनों में आपके मित्रों की संख्या में वृद्धि होगी परन्तु आपको अपने शत्रुओं से संभलकर रहने की भी जरूरत है। साथ ही संतान के प्रति आपका नम्र स्वभाव आपकी तरक्की सुनिश्चित करायेगा। अतः सूर्य के शुभ फल बनाये रखने के लिए कुत्ते को रोटी खिलाएं।
वृश्चिक राशि
सूर्य आपके पांचवे घर में गोचर करेगा। जन्मपत्रिका में पांचवें स्थान का संबंध विद्या, गुरु, विवेक, रोमांस और संतान से है। सूर्य के इस गोचर से आपको हर जगह मान सम्मान मिलेगा। विद्या का लाभ मिलेगा और संतान का सुख मिलेगा। साथ ही आपके दाम्पत्य रिश्ते में मधुरता आयेगी। अतः सूर्य देव के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए पक्षियों को दाना खिलाएं।
धनु राशि
सूर्य आपके चौथे स्थान पर गोचर करेगा। जन्मपत्रिका में इस स्थान का संबंध भूमि, भवन, वाहन और माता से है। सूर्य के इस गोचर से आपको पद, भूमि, भवन, वाहन और निरंतर रूप से धन लाभ मिलेगा। साथ ही आपकी संतान को भी आर्थिक रूप से फायदा होगा। इसके अलावा आपकी सेहत अच्छी रहेगी और आप अपने कामों को अधिक बुद्धिमत्ता से पूरा कर पाएंगे। लिहाजा सूर्य देव के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए जरूरतमंद लोगों को यथाशक्ति भोजन कराएं और संभव हो तो भोजन में कुछ न कुछ मीठा जरूर खिलाएं।
मकर राशि
सूर्य देव आपके तीसरे स्थान में गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका में तीसरे स्थान का संबंध आपके भाईबहनों और आपकी अभिव्यक्ति से है। सूर्य देव के इस गोचर के प्रभाव से भाई बहनों के साथ आपने रिश्ते बनाये रखने में आपको संघर्ष करना पड़ेगा। इस दौरान आपको किसी से भी कोई बात करते समय अपने हावभाव, यानि एक्सप्रेशन पर भी थोड़ा ध्यान देना चाहिए। अतः सूर्य के अशुभ फलों से बचने के लिए मंदिर में जाकर सेवा कार्य करें।
कुंभ राशि
सूर्य आपके दूसरे स्थान पर गोचर करेगा। जन्मपत्रिका में दूसरे स्थान का संबंध सीधे सीधे आपके स्वभाव और धन से है। सूर्य के इस गोचर से आपको मेहनत के अनुरुप धन प्राप्त होगा। साथ ही आपकी योग्यता आपके कार्यों को सफल बनाने में मदद करेगी। अतः सूर्य देव के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए कोई ऐसी मिठाई मंदिर या धर्मस्थल पर दान करें, जिसमें बादाम पड़ा हो।
मीन राशि
सूर्य आपके पहले, यानि लग्न स्थान पर गोचर करेंगे। जन्मपत्रिका में लग्न स्थान का संबंध हमारे शरीर तथा मुख से है। सूर्य के इस गोचर से आपको हर तरह का सुख मिलेगा। आपकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। आप अपनी सूझबूझ से अपनी स्थिति को और भी बेहतर बनाने में सफल होंगे। इस दौरान आप शारीरिक रूप से फिट रहेंगे और बिजनेस संबंधी यात्राओं में आपको लाभ मिलेगा। लिहाजा सूर्य के शुभ फल सुनिश्चित करने के लिए सुबह स्नान के बाद सूर्य देव को जल अर्पित करें।
(आचार्य इंदु प्रकाश देश के जाने-माने ज्योतिषी हैं, जिन्हें वास्तु, सामुद्रिक शास्त्र और ज्योतिष शास्त्र का लंबा अनुभव है। इंडिया टीवी पर आप इन्हें हर सुबह 7.30 बजे भविष्यवाणी में देखते हैं।)
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