पुणे: स्टार धोनी की जगह कमान संभालने वाले नये कप्तान स्टीव स्मिथ के सामने आज दो चुनौतियां होंगी। पहली चुनौती तो धोनी के प्रभाव वाली टीम राइज़िंग पुणे सुपरजाइंट्स में अपना सिक्का चलाना और दूसरी चुनौती दो बार की पूर्व चैंपियन मुबंई के ख़िलाफ़ जीत के साथ आगाज करना।
पिछले साल IPL में शामिल पुणे ने धोनी की कप्तानी में सिर्फ़ मात्र पांच मैच जीते थे और शायद यही वजह है कि टीम मालिक का उनकी कप्तानी से भरोसा उठ गया। ऐसा पहली बार होगा जब धोनी कप्तान नहीं, बल्कि एक खिलाड़ी के रूप में इस टीम में खेलेंगे। वह पिछले नौ सीज़न में कप्तान रहे हैं। इसमें आठ सीज़न तक माही चेन्नई के कप्तान थे। धोनी इस बार कप्तानी के बोझ से मुक्त हो गए हैं और देखना है ये है कि इसका उनके खेल पर अनुकूल असर पड़ता है या फिर प्रतिकूल।
14.5 करोड़ के बेन स्टोक्स पर नज़रें
इस मैच में सभी की नज़रें इस बार सबसे महंगे बिके खिलाड़ी बेन स्टोक्स पर रहेंगी। उन्हें पुणे ने 14.5 करोड़ रुपये में खरीदा है। इंग्लैंड के स्टोक्स ऑलराउंडर हैं और ज़ाहिर है उन पर लगी बोली की धमक लोग गेंद और बल्ले से सुनना चाहेंगे।
रहाणे से उम्मीद, स्मिथ-डुप्लेसिस जलवा दिखाने को बेताब
पिछले साल शानदार प्रदर्शन करने वाले अजिंक्य रहाणे से इस बार भी दमदार प्रदर्शन की उम्मीद होगी। रहाणे ने पिछले सीज़न में छह अर्धशतकों की मदद से 43.63 की औसत से 480 रन बनाए थे। स्मिथ और फाफ डुप्लेसिस भी अपना जलवा दिखाने को बेताब होंगे, जो चोट के चलते पिछले साल कुछ कमाल नहीं दिखा सके थे।
IPL 10: पहले मैच में हैदराबाद ने बैंगलोर को 35 रन से हराया
IPL-10: इस सीज़न में दिखेगा यूपी के इन दस का दम
IPL: फ़टाफ़ट क्रिकेट में हैट्रिक के 7 बादशाह
खलेगी अश्विन की कमी
पुणे को ऑफ स्पिनर आर अश्विन की कमी खलेगी जो चोट की वजह से टूर्नामेंट से बाहर हो गए हैं। उनकी जगह अशोक डिंडा गेंदबाजी आक्रमण की कमान संभालेंगे। इनके अलावा डेनियल क्रिस्टियन और शर्दुल ठाकुर तेज़ गेंदबाजी विभाग को संभालेंगे। स्मिथ अनुभवी ऑलराउंडर रजत भाटिया का कैसे उपयोग करते हैं यह देखना दिलचस्प होगा।
मुंबई के लिए हार के बाद ही जीत है
मुंबई की पिछले तीन सीज़न में शुरुआत अच्छी नहीं रही थी। उसे अपने पहले पांच मैचों में हार झेलनी पड़ी थी। इसके बाद उसने अच्छा खेल दिखाया था और पांचवें स्थान पर रहा। इससे पहले 2015 में उसने शुरुआती पांच में से चार मैच गंवाए थे, लेकिन बाद में अच्छा प्रदर्शन करने के कारण वह चैंपियन बना था। लेकिन हर बार ऐसा होगा यह ज़रूरी नहीं।
कप्तान रोहित भी हैं तैयार
मुंबई का गेंदबाजी आक्रमण मजबूत है, लेकिन बल्लेबाजी में उसके खिलाड़ियों की मैच अभ्यास की कमी और खराब फॉर्म टीम के लिए परेशानी का सबब बन सकती है। कप्तान रोहित शर्मा चोट से उबरने के बाद खेलने के लिए तैयार हैं लेकिन पिछले छह महीनों में उन्होंने सिर्फ दो मैच खेले हैं। रोहित के साथ पार्थिव पटेल या लेंडल सिमंस पारी की शुरुआत कर सकते हैं। मध्यक्रम की जिम्मेदारी अंबाती रायुडू और जोस बटलर पर रहेगी।
पोलार्ड का बल्ला चला तो बल्ले-बल्ले
कीरोन पोलार्ड अब भी मुंबई के अहम खिलाड़ी हैं। अगर उनका बल्ला चला तो टीम के बल्ले-बल्ले होना तय है लेकिन यह कैरेबियाई ऑलराउंडर पिछले कुछ समय से खराब फॉर्म से जूझ रहा है। ऐसी स्थिति में पांड्या बंधुओं क्रुणाल और हार्दिक की जिम्मेदारी अधिक बढ़ जाएगी।
मलिंगा का चलेगा जादू
श्रीलंका के तेज़ गेंदबाज लतिस मलिंगा और भारतीय गेंदबाज जसप्रीत बुमराह की मौजूदगी में मुंबई के पास डेथ ओवरों का सबसे अच्छा आक्रमण है। उनका साथ देने के लिए मिशेल जॉनसन भी टीम में हैं, जबकि स्पिन विभाग की जिम्मेदारी हरभजन सिंह जैसे अनुभवी ऑफ स्पिनर के कंधों पर रहेगी।