ICC World Test Championship Points Table : टेस्ट सीरीज का मौसम फिर से आ रहा है। टीम इंडिया भी टेस्ट खेलने की तैयारी में जुटी हैं, हालांकि इसमें अभी वक्त है, लेकिन इस बीच चार टीमें टेस्ट खेलने जा रही हैं। इंग्लैंड की टीम इस वक्त पाकिस्तान के दौरे पर है और वहां तीन टेस्ट मैचों की सीरीज खेली जाएगी। सीरीज का पहला मैच एक दिसंबर को रावलपिंडी में खेला जाएगा। वहीं वेस्टइंडीज की टीम टेस्ट सीरीज के लिए ऑस्ट्रेलिया पहुंच चुकी है और वहां पर भी सभी नजर है। ये मैच 30 नवंबर से शुरू होने जा रहा है। लेकिन इससे पहले कि टेस्ट सीरीज शुरू हो, आपको ये भी जानना चाहिए कि विश्व टेस्ट चैंपियनशिप यानी डब्ल्यूटीसी की प्वाइंट्स टेबल का हाल क्या है। इस वक्त कौन सी टीम नंबर वन की कुर्सी पर काबिज है और आखिर टीम इंडिया कहां है।
डब्ल्यूटीसी की प्वाइंट्स टेबल में ऑस्ट्रेलिया इस वक्त नंबर वन
विश्व टेस्ट चैंपियनशिप यानी डब्ल्यूटीसी की प्वाइंट्स टेबल की बात की जाए तो इस वक्त ऑस्ट्रेलियाई टीम नंबर एक की कुर्सी पर कब्जा किए हुए है। टीम की जीत का प्रतिशत 70 है, जो सबसे ज्यादा है। वहीं इस टीम के अंकों की बात की जाए तो वो 84 हैं, वो भी सबसे ज्यादा है। यानी डब्ल्यूटीसी के फाइनल में जाने के लिए ये टीम इस वक्त सबसे आगे चल रही है। इसके बाद दूसरे नंबर की बात की जाए तो यहां पर दक्षिण अफ्रीकी टीम का कब्जा है, इस टीम का जीत प्रतिशत 60 है। दक्षिण अफ्रीका के अंक 72 हैं। इसके बाद तीसरे नंबर पर श्रीलंकाई टीम है, जो अभी कुछ समय पहले ही नंबर वन पर पहुंची थी, लेकिन अब ये टीम नंबर तीन पर है। श्रीलंका की जीत का प्रतिशत 53.33 है। वहीं टीम के अंक 64 हैं। इसके बाद नंबर आता है टीम इंडिया का। भारतीय टीम की जीत का प्रतिशत 52.08 है। वहीं टीम इंडिया के पास 75 प्वाइंट्स हैं। अब आप सोच रहे होंगे टीम इंडिया के तो अंक दक्षिण अफ्रीका और श्रीलंका दोनों से ज्यादा हैं, फिर भारतीय टीम चौथे नंबर पर क्यों है। इसका जवाब ये है कि डब्ल्यूटीसी की प्वाइंट्स टेबल में नंबर जीत प्रतिशत के आधार पर तय होता है, इसमें भारतीय टीम कुछ नीचे है। लेकिन इसके बाद भी उसके पास विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में जाने का चांस बना हुआ है।

टीम इंडिया के लिए आने वाले छह टेस्ट मैच काफी अहम
भारतीय टीम अगले महीने यानी दिसंबर में बांग्लादेश के दौरे पर जाएगी। वहां पहले तीन वन डे मैच खेले जाएंगे और इसके बाद दो टेस्ट मैचों की सीरीज होगी। भारतीय टीम के लिए ये दो टेस्ट काफी अहम होंगे, शायद यही कारण है कि भारत की सबसे मजबूत टीम इस सीरीज के लिए चुनी गई है, क्योंकि गलती की कोई गुंजाइश नहीं होनी चाहिए। इसके बाद टीम इंडिया ऑस्ट्रेलिया से चार टेस्ट मैचों की सीरीज खेलेगी। हालांकि अभी तक इसका शेड्यूल जारी नहीं हुआ है। ये चार टेस्ट मैच भी काफी खास होंगे। भारतीय टीम अगर ये छह के छह मैच जीत जाती है तो विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में भी पहुंचने के प्रबल आसार हैं। लेकिन एक हार भारतीय टीम का सपना तोड़ने के लिए काफी होगी। इससे पहले भी टीम इंडिया डब्ल्यूटीसी के फाइनल में पहुंची थी, लेकिन फाइनल में उसे न्यूजीलैंड के हाथों हार का सामना करना पड़ा था। भारतीय टीम एक और आईसीसी की ट्रॉफी के काफी करीब थी, लेकिन मिशन पूरा नहीं हो पाया। अब देखना होगा कि आने वाले टेस्ट मैचों में भारतीय टीम के अलावा बाकी टीमें कैसा प्रदर्शन करती हैं और फाइनल में कौन सी दो टीमें पहुंचने में कामयाब होती हैं।