
तानिया सचदेव (शतरंज): तानिया सचदेव का खेल से परिचय उनके पिता के द्वारा हुआ था। इनके पिता ने इन्हें खेल में आगे बढ़ने के लिए प्रोफेशनल ट्रेनिंग की सुविधा भी उपलब्ध कराया था। 2005 में सचदेव आठवीं भारतीय महिला ग्रांडमास्टर के रूप में चुनी जा चुकी हैं। 2009 में अर्जुन पुरस्कार। 25 साल की विश्व और एशियन जूनियर खिताब जीत चुकी हैं।