बलरामपुरः यूपी के बलरामपुर जिले के उतरौला मधपुर में बनी छांगुर बाबा उर्फ जलालुद्दीन और उसकी करीबी नीतू रोहरा उर्फ नशरीन की संपत्ति पर आज दूसरे दिन भी बुलडोजर कार्रवाई की गई। सरकारी जमीन पर बनी आलीशान इमारत का एक हिस्सा ध्वस्त कर दिया गया है। राजस्व टीम की निशानदेही पर बिल्डिंग का 75% हिस्सा ढहा दिया गया है जबकि 25% प्रतिशत हिस्सा अभी बचा है। इस पर कल बृहस्पतिवार को प्रशासन के आदेश पर बुलडोजर की कार्रवाई कर अवैध कब्जे को ढहा दिया जाएगा। इस कार्रवाई में 8 से 10 बुलडोजर की मदद ली जा रही है।
गुरुवार को फिर होगी बुलडोजर कार्रवाई
बलरामपुर एसपी विकास कुमार का कहना है कि अवैध कब्जा हटाने की जो कार्रवाई चल रही है वह जब तक नहीं पूरी होती है तब तक कार्रवाई चलती रहेगी। साथ ही पूरे मामले में जो भी लोग दोषी हैं, सब के खिलाफ जांच की जा रही है और कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बलरामपुर डीएम पवन अग्रवाल का कहना है कि अवैध कब्जा हटाने की कार्रवाई आज दूसरे दिन भी जारी रही और कल पुनः यह कार्रवाई जारी रहेगी।
छांगुर बाबा की कोठी में 70 से ज्यादा कमरे और हॉल थे
जानकारी के मुताबिक, छांगुर बाबा की कोठी में 70 से ज्यादा कमरे और हॉल थे। इनमें 40 कमरों वाला हिस्सा अवैध तरीक से बनाया गया था। 8 जुलाई की शाम तक कोठी के 20 कमरे और 40 फीट लंबे हॉल को ढहा दिया गया था और आज बाकी बचे अवैध निर्माण को भी मिट्टी में मिलाने का काम हुआ। तीन बीघा जमीन पर बनी छांगुर बाबा की किलेनुमा कोठी उतरौला-मनकापुर मेन रोड पर है। इसमें 10 CCTV कैमरे लगे थे। कोठी के चारों तरफ बाउंड्री वाल पर तार दौड़ाया गया था। इस पर रात को करंट दौड़ाई जाती थी, ताकि कहीं से कोई अंदर न आ सके.... मेन गेट से कोठी तक जाने के लिए 500 मीटर की प्राइवेट रोड बनी हुई है।
हिंदू लड़कियों का कराता था धर्मांतरण
ATS का दावा है, छांगुर बाबा इसी कोठी से धर्मांतरण का नेटवर्क चलाता था। हिंदू लड़कियों को जाल में फंसाकर उन्हें मुस्लिम बनाता था। जातियों के हिसाब से धर्मांतरण का रेट भी फिक्स था। सवर्ण लड़की को इस्लाम कबूल करने पर सोलह लाख तक रूपए दिए जाते थे। पिछड़े वर्ग की लड़की को अगर कोई कनवर्ट करता तो बारह लाख और दलित लड़की के लिए दस लाख रूपए दिए जाते थे।
रिपोर्ट- अमित